शत्रु राशि में मंगल का गोचर: 2 अगस्त से मेष और सिंह समेत इन 3 राशियों को होगा बंपर लाभ, 2 की बढ़ेगी टेंशन
वैदिक ज्योतिष शास्त्र में ग्रहों के सेनापति माने जाने वाले मंगल देव जल्द ही अपना राशि परिवर्तन करने जा रहे हैं। आगामी 2 अगस्त 2026 को मंगल ग्रह वृषभ राशि से निकलकर अपने परम शत्रु बुध के स्वामित्व वाली मिथुन राशि में प्रवेश करेंगे।
मंगल को ऊर्जा, साहस, पराक्रम और रक्त का कारक माना जाता है। चूंकि मंगल और बुध के बीच शत्रुता का भाव होता है, इसलिए मिथुन राशि में आते ही मंगल 'शत्रुक्षेत्री' हो जाएंगे। विख्यात ज्योतिषाचार्य पंडित नरेंद्र उपाध्याय के अनुसार, शत्रु राशि में होने के कारण मंगल के शुभ प्रभावों में कुछ कमी आ सकती है, जिसका असर देश-दुनिया के साथ-साथ सभी 12 राशियों के स्वास्थ्य, वाणी और निर्णय लेने की क्षमता पर पड़ेगा। आइए जानते हैं अगस्त में होने वाले इस बड़े गोचर का पूरा समीकरण।
आम जनमानस पर मंगल के इस गोचर का क्या होगा असर?
पंडित उपाध्याय के अनुसार, मंगल का शत्रु राशि मिथुन में जाना स्वास्थ्य और आर्थिक मोर्चे पर कुछ उथल-पुथल ला सकता है:
स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें: इस अवधि में लोगों को रक्त (Blood) से जुड़ी परेशानियां, उच्च रक्तचाप (High BP) और नसों में खिंचाव जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है।
बाजार में उतार-चढ़ाव: शेयर मार्केट और व्यापारिक क्षेत्रों में अचानक से अनिश्चितता या उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
इन 3 भाग्यशाली राशियों की चमकेगी किस्मत, होगा बंपर लाभ
शत्रु राशि में होने के बावजूद, मंगल देव 3 खास राशियों को बेहद सकारात्मक और शानदार परिणाम देने जा रहे हैं:
मेष राशि: मेष राशि के जातकों के लिए यह गोचर आपके साहस और पराक्रम में जबरदस्त बढ़ोतरी करेगा। आपके व्यक्तित्व में एक नया निखार और आत्मविश्वास देखने को मिलेगा। कार्यक्षेत्र में आप जो भी जिम्मेदारी हाथ में लेंगे, उसमें सफलता प्राप्त करेंगे। रोजी-रोजगार में तरक्की के साथ-साथ आपकी आर्थिक स्थिति भी काफी मजबूत होगी।
सिंह राशि: सिंह राशि के जातकों के लिए अगस्त का महीना धन लाभ के बंपर योग लेकर आ रहा है। मंगल देव की कृपा से आपकी संचित पूंजी (बचत) बढ़ेगी और फिजूलखर्ची पर लगाम लगेगी। नौकरीपेशा लोगों को कार्यस्थल पर चल रही पॉलिटिक्स या दिक्कतों से मुक्ति मिलेगी। सेहत में सुधार होगा और पारिवारिक सहयोग से मन प्रसन्न रहेगा।
मकर राशि: मकर राशि वालों के लिए यह गोचर शत्रुओं और विरोधियों पर विजय दिलाने वाला साबित होगा। यदि आप लंबे समय से नौकरी बदलने या ट्रांसफर की योजना बना रहे हैं, तो यह समय आपके लिए सर्वोत्तम है। ऑफिस में उच्चाधिकारियों (Boss) का पूरा सहयोग मिलेगा। भाग्य का साथ मिलने से आपके रुके हुए काम अचानक गति पकड़ेंगे और धन का प्रवाह बढ़ेगा।
इन 2 राशियों की बढ़ सकती है टेंशन, फूंक-फूंक कर रखें कदम
मंगल का मिथुन राशि में आना वृषभ और मिथुन राशि के जातकों के लिए कुछ चुनौतियां खड़ी कर सकता है:
वृषभ राशि: आपके लिए खर्चों की अधिकता मानसिक तनाव का कारण बन सकती है। यदि आपने अपने वित्तीय फैसलों पर नियंत्रण नहीं रखा, तो कर्ज लेने की नौबत आ सकती है। इस अवधि में अपना आर्थिक बजट बनाकर चलना ही समझदारी होगी।
मिथुन राशि: चूंकि मंगल आपकी ही राशि में प्रवेश कर रहे हैं, इसलिए आपको शारीरिक कष्टों का सामना करना पड़ सकता है। ब्लड प्रेशर (BP) में उतार-चढ़ाव, गंभीर सिरदर्द और नेत्र पीड़ा (आंखों की समस्या) जैसी परेशानियां घेर सकती हैं। क्रोध और उत्तेजना में आकर कोई भी निर्णय न लें।
मंगल देव के अशुभ प्रभावों को शांत करने के अचूक उपाय
यदि आपकी राशि पर इस गोचर का नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है, तो मंगल देव की कृपा पाने के लिए ये उपाय अवश्य करें:
मंगलवार का व्रत: कुंडली में मंगल ग्रह को बलवान करने और दुर्घटनाओं से बचने के लिए मंगलवार का व्रत रखना बेहद लाभकारी माना जाता है।
हनुमान जी की आराधना: प्रत्येक मंगलवार को संकटमोचन हनुमान जी के मंदिर जाएं। उन्हें चमेली का तेल और सिंदूर (चोला) अर्पित करें और हनुमान चालीसा या बजरंग बाण का पाठ करें।
लाल वस्तुओं का दान: मंगलवार के दिन किसी जरूरतमंद को लाल रंग की वस्तुएं जैसे मसूर की दाल, लाल कपड़ा, तांबा या गुड़ दान करने से मंगल दोष शांत होता है।