BREAKING:
July 25 2026 11:41 am

मरीजों की लापरवाही या सिस्टम की कमी? बीआरडी में रात का खौफनाक सच

Post

India News Live,Digital Desk : बीआरडी मेडिकल कालेज के परिसर में हाल ही में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। जागरण में प्रकाशित खबर के बाद दिन में प्रशासन और रात 10 बजे के बाद पुलिस ने सख्ती दिखाई। पुलिस ने परिसर में भ्रमण करते हुए संदिग्धों से पूछताछ की और उनके नाम व मोबाइल नंबर नोट किए। इस दौरान चोरी से खड़े सात एंबुलेंस को भी पुलिस ने पकड़ लिया। चालक न मिलने पर सभी वाहनों को थाने ले जाकर सीज कर दिया गया।

बीआरडी मेडिकल कालेज से हायर सेंटर रेफर किए गए महराजगंज के श्यामदेउरवा थाना क्षेत्र निवासी डिम्पल उर्फ अभिषेक मद्धेशिया को दलालों ने निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। लाखों रुपये जमा कराने के बाद इलाज शुरू हुआ, लेकिन रविवार देर शाम उनकी मौत हो गई। परिजन अस्पताल की लापरवाही पर हंगामा करने लगे।

पीआरवी पुलिस ने सूचना पाकर पूछताछ की। परिजनों ने बताया कि इंजेक्शन लगाने के बाद अभिषेक की तबियत अचानक बिगड़ गई। इसके बाद अस्पताल का संचालक और कर्मचारी फरार हो गए। चिलुआताल थाना पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया और उसे परिजनों के सुपुर्द कर दिया।

जागरण ने 15 अक्टूबर के अंक में खबर प्रकाशित की थी: “बीआरडी में सक्रिय हुए माफिया, रात के अंधेरे में आटो से पार कर रहे रोगी”। रिपोर्ट में बताया गया कि मेडिकल कालेज और पुलिस की लापरवाही के कारण मरीज माफिया फिर सक्रिय हो गए हैं। रात में ट्रामा सेंटर के सामने खड़े होकर वे मरीजों के परिजनों को बहला-फुसला कर निजी अस्पताल भेज रहे हैं।

दिन में बीआरडी में तैनात सुरक्षा गार्ड भी पर्याप्त जांच नहीं कर रहे हैं। कई वाहनों को सिर्फ नंबर नोट करके जाने दिया जाता है। नियम के अनुसार, उन्हें मरीज का नाम, डिस्चार्ज स्टेटस और निजी अस्पताल का विवरण भी नोट करना चाहिए।

रात में पुलिस ने गश्त बढ़ाकर बड़ी कार्रवाई की। मेडिकल चौकी प्रभारी विकास मिश्रा ने बताया कि संदिग्धों से पूछताछ की गई। सादी वर्दी में पुलिसकर्मियों ने चोरी से खड़ी सात एंबुलेंस पकड़ी। पूछताछ के लिए चालक मौके से फरार हो गए। सभी वाहनों को थाने ले जाकर सीज कर दिया गया।

इससे स्पष्ट होता है कि बीआरडी परिसर में सुरक्षा और प्रशासनिक निगरानी में सुधार की आवश्यकता है। मरीजों और उनके परिजनों की सुरक्षा के लिए सतत कार्रवाई और निगरानी बेहद जरूरी है।

Tags:

बीआरडी मेडिकल कालेज मरीज माफिया निजी अस्पताल एंबुलेंस चोरी मरीज सुरक्षा बीआरडी पुलिस कार्रवाई अस्पताल लापरवाही ट्रामा सेंटर मरीज रेफर मेडिकल कालेज सुरक्षा संदिग्ध वाहन मरीज हायर सेंटर मरीज मौत पोस्टमार्टम पुलिस गश्त मरीज बहलाना रात में चोरी अस्पताल कर्मचारी फरार मरीज परिजन हंगामा बीआरडी परिसर पुलिस जांच सुरक्षा गार्ड मरीज परिवहन ट्रामा सेंटर खतरनाक मरीज माफिया सक्रिय निजी अस्पताल भर्ती मरीज इलाज अस्पताल विवाद मरीज शुल्क चोरी की एंबुलेंस रात की कार्रवाई मेडिकल चौकी मरीज गश्त मरीज रिपोर्ट अस्पताल सुरक्षा रोगी माफिया मरीज ट्रांसपोर्ट मरीज सुविधा अस्पताल नियम सुरक्षा निगरानी मरीज सहायता एंबुलेंस सीज संदिग्ध गतिविधि अस्पताल प्रशासन मरीज जांच मरीज शिकायत मेडिकल कालेज खबर बीआरडी ट्रामा सेंटर BRD Medical College patient mafia private hospital ambulance theft patient safety BRD police action hospital negligence trauma center patient referral medical college security suspicious vehicle patient higher center patient death postmortem police patrol patient deception Night theft hospital staff abscond patient relatives protest BRD campus police inquiry security guard patient transport trauma center danger patient mafia active private hospital admission patient treatment hospital dispute patient fees stolen ambulance night operation medical outpost patient patrol patient report hospital security patient transfer patient facility hospital rules security monitoring patient assistance ambulance seizure suspicious activity hospital administration patient checkup medical college news BRD trauma center