BREAKING:
May 05 2026 12:41 am

Kerala Election 2026: 'लाल किले' में बड़ी सेंध रुझानों में कांग्रेस गठबंधन की सुनामी, सीएम पिनाराई विजयन पीछे

Post

India News Live, Digital Desk: केरल विधानसभा चुनाव 2026 की मतगणना के शुरुआती घंटों में ही राज्य की सियासत में बड़ा उलटफेर देखने को मिल रहा है। सुबह 8 बजे से शुरू हुई वोटों की गिनती के साथ ही कांग्रेस नेतृत्व वाले यूडीएफ (UDF) ने जोरदार बढ़त बना ली है। अब तक के रुझानों में यूडीएफ 100 का आंकड़ा पार करता नजर आ रहा है, जिससे मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन के लगातार तीसरी बार सत्ता में लौटने के सपने को बड़ा झटका लगा है। राजधानी तिरुवनंतपुरम से लेकर कासरगोड तक, कांग्रेस कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह है और जीत के जश्न की तैयारियां शुरू हो गई हैं।

सीएम विजयन अपने गढ़ में पिछड़े, 14 मंत्रियों पर हार का खतरा सबसे चौंकाने वाली खबर मुख्यमंत्री के गृह क्षेत्र धर्मडम से आ रही है, जहां सीएम पिनाराई विजयन खुद यूडीएफ उम्मीदवार से करीब 2,000 वोटों से पीछे चल रहे हैं। इतना ही नहीं, लेफ्ट गठबंधन (LDF) सरकार के 14 कद्दावर मंत्रियों पर हार की तलवार लटक रही है। स्वास्थ्य मंत्री वीणा जॉर्ज और आर बिंदू जैसे बड़े नाम भी अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्रों में संघर्ष करते नजर आ रहे हैं। शुरुआती रुझान बताते हैं कि केरल की जनता ने एक बार फिर अपनी पारंपरिक 'बारी-बारी से सत्ता परिवर्तन' की परंपरा को दोहराने का मन बना लिया है।

शशि थरूर की भविष्यवाणी सच साबित होती दिखी कांग्रेस के दिग्गज नेता शशि थरूर ने मतदान के बाद जो सत्ता परिवर्तन का दावा किया था, रुझानों में वह सच होता दिख रहा है। यूडीएफ की इस 'लहर' ने वामपंथियों के अभेद्य किलों को हिलाकर रख दिया है। एर्नाकुलम की लगभग सभी सीटों पर कांग्रेस गठबंधन ने क्लीन स्वीप की तैयारी कर ली है। मट्टन्नूर और तलिपरंबा जैसे एलडीएफ के गढ़ों में भी यूडीएफ उम्मीदवारों ने बढ़त बनाकर सबको चौंका दिया है।

भाजपा का क्या है हाल? नेमोम में कड़ी टक्कर दूसरी ओर, भारतीय जनता पार्टी (BJP) नेतृत्व वाला एनडीए राज्य में अपना खाता मजबूती से खोलने की कोशिश में है। पूर्व केंद्रीय मंत्री राजीव चंद्रशेखर नेमोम (Nemom) सीट पर शुरुआती बढ़त बनाए हुए हैं। इसके अलावा पलक्कड़ सीट पर भी भाजपा की ओर से कड़ी टक्कर दी जा रही है। हालांकि, राज्य के बाकी हिस्सों में लड़ाई मुख्य रूप से यूडीएफ और एलडीएफ के बीच ही सिमटी नजर आ रही है।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम, शाम तक साफ होगी तस्वीर चुनाव आयोग ने राज्य के 140 काउंटिंग सेंटरों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। 15,000 से अधिक चुनाव अधिकारियों की निगरानी में पारदर्शी तरीके से गिनती जारी है। 79.70% के रिकॉर्ड मतदान ने यह पहले ही साफ कर दिया था कि जनता इस बार बदलाव के मूड में है। हालांकि अभी भी कई राउंड की गिनती बाकी है, लेकिन रुझानों ने यूडीएफ के लिए सरकार बनाने की राह आसान कर दी है। शाम तक आधिकारिक नतीजों के बाद ही साफ हो पाएगा कि 'गॉड-ओन कंट्री' की सत्ता की चाबी किसके हाथ लगेगी।