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September 04 2026 07:02 am

दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा और राजस्थान के श्रद्धालुओं के लिए बड़ी सौगात; जानें रेवाड़ी, सादुलपुर और हनुमानगढ़ रूट की सभी ट्रेनों का टाइम टेबल

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राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में स्थित सुप्रसिद्ध तीर्थस्थल गोगामेड़ी में लोकदेवता बाबा जाहरवीर गोगाजी महाराज के वार्षिक लक्खी मेले के पावन अवसर पर उमड़ने वाली लाखों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए भारतीय रेलवे ने विशेष प्रबंध किए हैं। उत्तर पश्चिम रेलवे (NWR) प्रशासन ने राजस्थान, हरियाणा, पंजाब, दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश से आने वाले जातरुओं और भक्तों की सुविधा के लिए कई जोड़ी मेला स्पेशल ट्रेनों के संचालन और नियमित ट्रेनों के अस्थाई ठहराव की विस्तृत कार्ययोजना लागू कर दी है। भाद्रपद मास के दौरान चलने वाले इस एक महीने लंबे मेले में देश के कोने-कोने से 25 से 30 लाख श्रद्धालु गोगाजी की समाधि और पवित्र धूणे पर शीश नवाने पहुंचते हैं।

रेलवे द्वारा घोषित की गई इन विशेष रेल सेवाओं के माध्यम से दिल्ली, गुरुग्राम, रेवाड़ी, महेंद्रगढ़, लोहारू, सादुलपुर, भादरा, नोहर और हनुमानगढ़ के रेलमार्गों पर यात्रा करने वाले यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा। त्योहार और मेले के इस व्यस्त समय में नियमित ट्रेनों में लंबी वेटिंग लिस्ट और बसों में अत्यधिक भीड़ को नियंत्रित करने के लिए रेलवे ने अनारक्षित और आरक्षित दोनों श्रेणियों के पर्याप्त कोच उपलब्ध कराए हैं। विशेष रूप से दिल्ली-एनसीआर और हरियाणा से गोगामेड़ी जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए ट्रेनों की समय-सारणी इस प्रकार तैयार की गई है ताकि वे सुबह या शाम के समय सुगमता से पहुंचकर उसी दिन या अगले दिन अपनी वापसी यात्रा पूरी कर सकें।

रेवाड़ी-गोगामेड़ी मेला स्पेशल: समय-सारणी, तारीख और प्रमुख स्टॉपेज

रेलवे प्रशासन ने हरियाणा के प्रमुख जंक्शन रेवाड़ी से गोगामेड़ी के बीच दो महत्वपूर्ण जोड़ी मेला स्पेशल एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन शुरू किया है। यह रूट दिल्ली, गुरुग्राम और उत्तर प्रदेश से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए सबसे प्रमुख ट्रांजिट पॉइंट माना जाता है।

गाड़ी संख्या 04791 रेवाड़ी-गोगामेड़ी मेला स्पेशल ट्रेन रेवाड़ी जंक्शन से सुबह 6 बजकर 15 मिनट पर प्रस्थान करती है और रास्ते के स्टेशनों से होते हुए सुबह 10 बजकर 15 मिनट पर गोगामेड़ी पहुंचती है। वापसी दिशा में, गाड़ी संख्या 04792 गोगामेड़ी-रेवाड़ी मेला स्पेशल गोगामेड़ी से सुबह 10 बजकर 45 मिनट पर रवाना होकर शाम 4 बजकर 50 मिनट पर रेवाड़ी पहुंचती है। यह ट्रेन रास्ते में दोनों दिशाओं में महेंद्रगढ़, लोहारू और सादुलपुर स्टेशनों पर नियमित रूप से रुकती है। इस ट्रेन में साधारण श्रेणी के 15 डिब्बों सहित कुल 17 कोच लगाए गए हैं।

शाम के समय यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए दूसरी ट्रेन, गाड़ी संख्या 04795 रेवाड़ी-गोगामेड़ी मेला स्पेशल चलाई जा रही है। यह ट्रेन रेवाड़ी से शाम 6 बजकर 10 मिनट पर रवाना होकर रात 11 बजकर 10 मिनट पर गोगामेड़ी स्टेशन पहुंचती है। वहीं वापसी में गाड़ी संख्या 04796 गोगामेड़ी-रेवाड़ी मेला स्पेशल गोगामेड़ी से रात 11 बजकर 40 मिनट पर प्रस्थान कर अगले दिन तड़के सुबह 5 बजकर 15 मिनट पर रेवाड़ी जंक्शन पहुंचाती है। यह ट्रेन भी महेंद्रगढ़, लोहारू और सादुलपुर में ठहराव करती है, जिससे रात में दर्शन करने के बाद तुरंत घर लौटने वाले श्रद्धालुओं को सबसे बड़ी सुविधा मिलती है।

दिल्ली-एनसीआर और यूपी के भक्तों के लिए सीधी रेल कनेक्टिविटी

देश की राजधानी दिल्ली, गाजियाबाद, नोएडा और उत्तर प्रदेश के विभिन्न जनपदों से गोगामेड़ी जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए सबसे मुफीद सीधी ट्रेन गाड़ी संख्या 14728/14727 तिलक ब्रिज-नई दिल्ली-श्रीगंगानगर एक्सप्रेस है। यह ट्रेन नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से रोजाना शाम 6 बजकर 10 मिनट पर रवाना होती है और दिल्ली सराय रोहिल्ला, दिल्ली कैंट, पालम और गुरुग्राम होते हुए रात 1 बजकर 46 मिनट पर सीधे गोगामेड़ी स्टेशन पहुंचती है। वापसी में गाड़ी संख्या 14727 श्रीगंगानगर-तिलक ब्रिज एक्सप्रेस गोगामेड़ी से देर रात 12 बजकर 03 मिनट पर चलती है और सुबह 8 बजकर 40 मिनट पर नई दिल्ली पहुंचा देती है।

इसके अलावा, उत्तर प्रदेश (लखनऊ, कानपुर, उन्नाव, अलीगढ़, मथुरा) की तरफ से आने वाले यात्री दिल्ली या रेवाड़ी तक सुपरफास्ट ट्रेनों से पहुंचकर वहां से रेवाड़ी-गोगामेड़ी स्पेशल ट्रेनों (04791 व 04795) में सवार हो सकते हैं। दिल्ली से रेवाड़ी के लिए हर आधे घंटे में लोकल ईएमयू और पैसेंजर ट्रेनें उपलब्ध रहती हैं, जिससे यात्रियों को बिना किसी परेशानी के कनेक्टिंग ट्रेन मिल जाती है।

सादुलपुर, हनुमानगढ़ और श्रीगंगानगर से भी विशेष ट्रेनों का संचालन

स्थानीय और क्षेत्रीय श्रद्धालुओं की आवाजाही को सरल बनाने के लिए सादुलपुर और हनुमानगढ़ रेलखंड पर भी कई दैनिक स्पेशल ट्रेनें संचालित की जा रही हैं। गाड़ी संख्या 04707/04708 सादुलपुर-गोगामेड़ी-सादुलपुर प्रतिदिन स्पेशल ट्रेन दोपहर के समय चलाई जा रही है। यह ट्रेन सादुलपुर से सुबह 11 बजकर 35 मिनट पर चलकर दोपहर 1 बजकर 20 मिनट पर गोगामेड़ी पहुंचती है, तथा वापसी में दोपहर 2 बजकर 40 मिनट पर गोगामेड़ी से रवाना होकर दोपहर 3 बजकर 55 मिनट पर सादुलपुर लौटती है।

इसी प्रकार तड़के सुबह यात्रा करने वालों के लिए गाड़ी संख्या 04709/04710 सादुलपुर-गोगामेड़ी स्पेशल मध्यरात्रि 12 बजकर 10 मिनट पर सादुलपुर से चलकर रात 3 बजकर 10 मिनट पर गोगामेड़ी पहुंचती है। वापसी में यह तड़के 4 बजकर 20 मिनट पर गोगामेड़ी से चलकर सुबह 6 बजकर 20 मिनट पर सादुलपुर पहुंचती है।

हनुमानगढ़ की दिशा से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए गाड़ी संख्या 04743/04744 हनुमानगढ़-सादुलपुर स्पेशल ट्रेन चलाई गई है। यह ट्रेन सुबह 10 बजे हनुमानगढ़ से रवाना होकर दोपहर 1 बजकर 50 मिनट पर सादुलपुर पहुंचती है। इस मार्ग पर यह ट्रेन हनुमानगढ़ टाउन, टीबी, ऐलनाबाद, नोहर, गोगामेड़ी, तहसील भादरा और सिद्धमुख स्टेशनों पर रुकती है। लंबी दूरी के यात्रियों की सुविधा के लिए गाड़ी संख्या 14701/14702 श्रीगंगानगर-बांद्रा टर्मिनस एक्सप्रेस को भी मेला अवधि के दौरान गोगामेड़ी रेलवे स्टेशन पर 2 मिनट का विशेष अस्थाई ठहराव प्रदान किया गया है।

गोगामेड़ी मेले का धार्मिक महत्व: बाबा जाहरवीर के दर पर जुटते हैं करोड़ों भक्त

राजस्थान के नोहर उपखंड में स्थित गोगामेड़ी धाम उत्तर भारत के सबसे बड़े लोक तीर्थों में गिना जाता है। यह पावन धाम सिद्ध शिरोमणि गुरु गोरखनाथ के परम शिष्य लोकदेवता जाहरवीर गोगाजी महाराज की महासमाधि स्थल है। मान्यता है कि गोगाजी महाराज ने धर्म और गोवंश की रक्षा के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए थे। उन्हें सांपों के देवता, नागराज और जाहर पीर के रूप में हिंदू और मुस्लिम दोनों समुदायों द्वारा पूरी श्रद्धा के साथ पूजा जाता है।

कहा जाता है कि यदि किसी व्यक्ति को सर्पदंश हुआ हो या किसी प्रकार की बाधा हो, तो गोगामेड़ी की पावन मिट्टी (गोरखटीला) लगाने और बाबा के दर पर धोक लगाने से वह स्वस्थ हो जाता है। मेले के दौरान श्रद्धालु अपने हाथों में नीले और पीले रंग के धार्मिक ध्वज (निशान) लेकर ढोल-नगाड़ों और डेरू की थाप पर 'गोगाजी के ब्यावले' गाते हुए नंगे पांव सैकड़ों किलोमीटर की पदयात्रा कर पहुंचते हैं। मंदिर के पास स्थित गोरखटीला, समाधि स्थल और पवित्र सरोवर में स्नान कर श्रद्धालु बाबा के दर्शन करते हैं।

रेलवे की चाक-चौबंद व्यवस्थाएं: अतिरिक्त टिकट काउंटर और सुरक्षा के कड़े इंतजाम

मेला अवधि के दौरान गोगामेड़ी रेलवे स्टेशन पर यात्रियों के भारी दबाव को प्रबंधित करने के लिए रेलवे प्रशासन ने व्यापक स्तर पर व्यवस्थाएं की हैं। स्टेशन परिसर में टिकट के लिए लंबी कतारों से बचाने के उद्देश्य से अतिरिक्त अनारक्षित टिकट प्रणाली (UTS) काउंटर और ऑटोमैटिक टिकट वेंडिंग मशीनें (ATVM) स्थापित की गई हैं।

यात्रियों की सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के लिए रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और राजकीय रेलवे पुलिस (GRP) के अतिरिक्त जवानों की 24 घंटे तैनाती की गई है। इसके अलावा स्टेशन पर पीने के स्वच्छ पानी के टैंकर, अस्थायी छायादार प्रतीक्षालय, मोबाइल टॉयलेट्स, लगातार उद्घोषणा प्रणाली और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की व्यवस्था की गई है। रेलवे ने यह भी स्पष्ट किया है कि मेला स्पेशल ट्रेनों के संचालन को सुगम बनाने के लिए सादुलपुर-हिसार रेलखंड पर कुछ पैसेंजर ट्रेनों को आंशिक रूप से रेगुलेट किया गया है। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे अपनी यात्रा शुरू करने से पहले रेलवे पूछताछ सेवा 139 या नेशनल ट्रेन इंक्वायरी सिस्टम (NTES) मोबाइल ऐप पर ट्रेनों की वर्तमान स्थिति अवश्य जांच लें।