बुनकरों के लिए योगी सरकार का बड़ा फैसला: अब 'वैल्यू चेन मॉडल' पर विकसित होगा हथकरघा क्षेत्र, आय और सम्मान सुनिश्चित करना प्राथमिकता

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India News Live,Digital Desk : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश के बुनकर समुदाय के उत्थान और हथकरघा उद्योग को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए गुरुवार को एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि बुनकर प्रदेश की अर्थव्यवस्था के सशक्त आधार हैं और उनकी आय, सम्मान तथा आजीविका की स्थिरता सुनिश्चित करना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि हथकरघा क्षेत्र को केवल उत्पादन तक सीमित न रखकर 'वैल्यू चेन मॉडल' पर विकसित किया जाए।

बुनकरों के लिए नई कार्ययोजना के मुख्य बिंदु

1. क्लस्टर-आधारित विकास:

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि प्रदेश के बुनकर बहुल क्षेत्रों की पहचान कर वहां क्लस्टर विकसित किए जाएं। ये क्लस्टर उत्पादन, गुणवत्ता, डिजाइन, ब्रांडिंग और पैकेजिंग का एक एकीकृत केंद्र होंगे। इससे बुनकरों को एक ही छत के नीचे सभी सुविधाएं मिल सकेंगी।

2. बाजार की मांग और आधुनिक डिजाइन:

उत्पादों की प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ाने के लिए मुख्यमंत्री ने ‘डिजाइनर-कम-मार्केटिंग एग्जीक्यूटिव’ और एक्सपोर्ट हाउस जैसे संस्थागत तंत्र को लागू करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि उत्पाद बाजार की मांग के अनुरूप होने चाहिए ताकि बुनकरों को सही दाम मिल सके।

3. बिजली बिल में राहत और सौर ऊर्जा:

पावरलूम बुनकरों को बड़ी राहत देते हुए सीएम ने विद्युत बिलों में कमी लाने के लिए हथकरघा विभाग और पावर कॉर्पोरेशन को मिलकर कार्ययोजना बनाने को कहा। उन्होंने विशेष रूप से सौर ऊर्जा (Solar Energy) को बढ़ावा देने का निर्देश दिया, जिससे बुनकरों की लागत कम होगी।

4. डिजिटल और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म:

बुनकरों को सीधे उपभोक्ताओं से जोड़ने के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म और ई-कॉमर्स के विस्तार पर ध्यान देने को कहा गया है। इससे बिचौलियों की भूमिका खत्म होगी और मुनाफा सीधे बुनकरों तक पहुंचेगा।

उत्तर प्रदेश के हथकरघा क्षेत्र के आंकड़े

बैठक के दौरान विभाग द्वारा कुछ महत्वपूर्ण तथ्य साझा किए गए:

कार्यरत बुनकर: प्रदेश में लगभग 1.99 लाख बुनकर सक्रिय हैं।

राष्ट्रीय रैंकिंग: हथकरघा क्षेत्र में उत्तर प्रदेश देश में छठवें स्थान पर है।

प्रमुख उत्पाद: कालीन, दरी और मैट के उत्पादन में यूपी अग्रणी है। बेडशीट और ब्लैंकेट में भी मजबूत उपस्थिति है।

निर्यात: वर्ष 2024-25 में देश के कुल हथकरघा निर्यात (₹1178.93 करोड़) में यूपी का योगदान ₹109.40 करोड़ (9.27%) रहा।

परंपरा और अर्थव्यवस्था का मेल

मुख्यमंत्री ने कहा कि बुनकर समुदाय हमारी समृद्ध परंपरा के संवाहक हैं। नई नीति ऐसी होनी चाहिए जो पारदर्शी और व्यावहारिक हो, जिससे बुनकरों को वास्तविक राहत मिले और उत्तर प्रदेश की पारंपरिक बुनकरी को एक वैश्विक पहचान मिल सके। बैठक में एमएसएमई और हथकरघा मंत्री राकेश सचान सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।