ग्रे मार्केट में दहाड़ा यह IPO: खुलने से पहले ही 119% के पार पहुंचा GMP, जानें प्राइस बैंड और जरूरी तारीखें
नई दिल्ली: आईपीओ (IPO) मार्केट में निवेश करने वालों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। मिलवर्क्स टेक्नोलॉजीज (Millworks Technologies) का आईपीओ मंगलवार, 14 जुलाई से दांव लगाने के लिए खुलने जा रहा है। खास बात यह है कि सब्सक्रिप्शन शुरू होने से पहले ही इस आईपीओ ने ग्रे मार्केट में तहलका मचा दिया है। ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) में आई भारी उछाल इस बात का साफ संकेत दे रही है कि निवेशकों को लिस्टिंग पर बंपर मुनाफा हो सकता है।
₹331 है शेयर का दाम, ₹396 पर पहुंचा GMP
मिलवर्क्स टेक्नोलॉजीज के आईपीओ का कुल साइज ₹160 करोड़ है। कंपनी ने इसके लिए शेयर का दाम ₹331 तय किया है। वहीं, ग्रे मार्केट में इसके शेयर अभी से ₹396 यानी करीब 119.64% के भारी-भरकम प्रीमियम के साथ ट्रेड कर रहे हैं। यह आईपीओ निवेश के लिए 16 जुलाई तक खुला रहेगा।
आईपीओ (IPO) से जुड़ी महत्वपूर्ण तारीखें
यदि आप भी इस धांसू आईपीओ में पैसा लगाने की सोच रहे हैं, तो इन तारीखों को नोट कर लें:
आईपीओ ओपनिंग डेट: 14 जुलाई 2026 (मंगलवार)
आईपीओ क्लोजिंग डेट: 16 जुलाई 2026 (गुरुवार)
शेयर अलॉटमेंट: 17 जुलाई 2026 (शुक्रवार)
बाजार में लिस्टिंग: 21 जुलाई 2026 (मंगलवार)
यह शेयर बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) के SME प्लेटफॉर्म पर लिस्ट होगा। कंपनी के प्रमोटर्स में श्रीधर आचार्य, एचके मधु, सौम्या मधु और रश्मि श्रीधर आचार्य शामिल हैं, जिनकी आईपीओ से पहले कंपनी में 65.08% हिस्सेदारी है।
आम निवेशकों को करना होगा इतना निवेश
इस आईपीओ में रिटेल यानी आम निवेशक अधिकतम 2 लॉट के लिए दांव लगा सकते हैं। 2 लॉट के तहत कुल 800 शेयर आएंगे, जिसके लिए निवेशकों को न्यूनतम ₹2,64,800 का निवेश करना होगा। आईपीओ से जुटाए गए फंड का इस्तेमाल कंपनी बेंगलुरु स्थित अपने प्लांट और मशीनरी के विस्तार (कैपिटल एक्सपेंडिचर), वर्किंग कैपिटल की जरूरतों और जनरल कॉरपोरेट उद्देश्यों को पूरा करने में करेगी।
क्या करती है मिलवर्क्स टेक्नोलॉजीज?
नवंबर 2021 में शुरू हुई मिलवर्क्स टेक्नोलॉजीज लिमिटेड एक प्रिसिशन इंजीनियरिंग और मैन्युफैक्चरिंग कंपनी है। यह मुख्य रूप से रेलवे, एयरोस्पेस, डिफेंस, मेट्रो रेल और सेमीकंडक्टर जैसी बड़ी इंडस्ट्रीज के लिए हाई-प्रिसिशन कंपोनेंट्स और असेंबलीज का डिजाइन और प्रॉडक्शन करती है। कंपनी के पोर्टफोलियो में रेलवे कोच कंपोनेंट्स, ब्रेकिंग सिस्टम, ड्रोन पार्ट्स और मेट्रो कप्लर्स शामिल हैं। फिलहाल बेंगलुरु में कंपनी की 4 एडवांस मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटीज काम कर रही हैं, जिनमें 160 से ज्यादा परमानेंट कर्मचारी कार्यरत हैं।