पितृ अमावस्या पर दिल्ली-लखनऊ नेशनल हाईवे पर आज से ही रूट डायवर्जन लागू
सर्वपितृ अमावस्या के महापर्व पर गंगा घाटों पर उमड़ने वाली लाखों श्रद्धालुओं की भारी भीड़, तर्पण अनुष्ठानों और पवित्र स्नान को देखते हुए यातायात पुलिस ने दिल्ली-लखनऊ नेशनल हाईवे समेत प्रमुख संपर्क मार्गों पर व्यापक ट्रैफिक डायवर्जन लागू कर दिया है। गढ़मुक्तेश्वर (ब्रजघाट), तिगरी और कछला समेत विभिन्न प्रमुख गंगा तटों पर दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान और पश्चिमी उत्तर प्रदेश से लाखों की संख्या में भक्तों का आवागमन शुरू हो चुका है। राष्ट्रीय राजमार्ग पर जाम की स्थिति से निपटने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यातायात पुलिस प्रशासन ने आज शाम से ही भारी और मध्यम वाणिज्यिक वाहनों के रूट में बड़ा बदलाव कर दिया है। यह डायवर्जन अमावस्या स्नान और श्राद्ध की समाप्ति तक अनवरत लागू रहेगा। यदि आप भी दिल्ली से लखनऊ या लखनऊ से दिल्ली-एनसीआर की ओर सफर करने की योजना बना रहे हैं, तो घर से निकलने से पहले यातायात पुलिस द्वारा जारी नए रूट प्लान को जरूर समझ लें ताकि लंबे जाम के झंझट से बचा जा सके।
दिल्ली से लखनऊ और मुरादाबाद की ओर जाने वाले भारी वाहनों का नया रूट
दिल्ली, गाजियाबाद और नोएडा से मुरादाबाद, बरेली होते हुए लखनऊ की ओर जाने वाले सभी भारी कॉमर्शियल वाहनों (ट्रक, ट्रेलर, कैंटर और टैंकर) को मुख्य हाईवे पर ब्रजघाट की तरफ जाने से पूरी तरह रोक दिया गया है।
वाया बुलंदशहर-अलीगढ़ मार्ग: दिल्ली व गाजियाबाद की ओर से आने वाले भारी वाहनों को डासना और लालकुआं से ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (EPE) अथवा दादरी होते हुए बुलंदशहर की ओर मोड़ा जा रहा है। यहां से वाहन नरौरा, बबराला, बहजोई और चंदौसी होते हुए मुरादाबाद व संभल के रास्ते आगे बढ़ेंगे।
वाया हापुड़-स्याना मार्ग: हापुड़ पहुंचने वाले भारी वाहनों को ततारपुर टी-पॉइंट से डायवर्ट कर स्याना, अनूपशहर और जहांगीराबाद के रास्ते बदायूं होते हुए लखनऊ राजमार्ग पर भेजा जा रहा है।
मेरठ-बिजनौर वैकल्पिक मार्ग: मुरादाबाद और उत्तराखंड की सीमा में जाने वाले भारी वाहनों को गाजियाबाद से मोदीनगर-मेरठ होते हुए मवाना, मीरापुर बैराज, बिजनौर और धामपुर के रास्ते निकाला जा रहा है ताकि एनएच-9 पर दबाव न बने।
लखनऊ और बरेली से दिल्ली-एनसीआर की ओर जाने वाले वाहनों का डायवर्जन
लखनऊ, सीतापुर, शाहजहांपुर और बरेली की तरफ से दिल्ली व एनसीआर की दिशा में आने वाले भारी और मालवाहक वाहनों के लिए भी विशेष डायवर्जन प्लान प्रभावी किया गया है।
बरेली और रामपुर से डायवर्जन: बरेली व रामपुर से आने वाले भारी वाहनों को मुरादाबाद बाईपास से आगे गढ़मुक्तेश्वर की ओर नहीं जाने दिया जा रहा है। इन वाहनों को मुरादाबाद के कांठ रोड से छजलैट, नूरपुर, बिजनौर, मीरापुर और मवाना होते हुए मेरठ व गाजियाबाद की ओर भेजा जा रहा है।
मुरादाबाद-चंदौसी रूट: लखनऊ से दिल्ली की तरफ आने वाले भारी वाहनों को मुरादाबाद से सीधे संभल, बहजोई, बबराला, नरौरा और बुलंदशहर होते हुए दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे या ईपीई (EPE) पर उतारा जा रहा है।
अमरोहा और जोया बॉर्डर: अमरोहा जिले के जोया और गजरौला कट से किसी भी भारी वाहन को ब्रजघाट की सीमा में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जा रही है। इन्हें स्थानीय संपर्क मार्गों और बाईपास के जरिए वैकल्पिक दिशाओं में डायवर्ट किया गया है।
रोडवेज बसें और हल्के निजी वाहन: क्या है नियम?
त्योहार के दौरान आम यात्रियों और निजी कार चालकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए हल्के वाहनों के लिए कुछ छूट दी गई है, हालांकि भीड़ बढ़ने पर इनमें भी तत्काल प्रभाव से बदलाव किया जाएगा।
रोडवेज बसों का संचालन: उत्तर प्रदेश परिवहन निगम (UPSRTC) की लंबी दूरी की बसों को निर्धारित वैकल्पिक मार्गों (बुलंदशहर-बदायूं या बिजनौर मार्ग) से संचालित करने का निर्देश दिया गया है ताकि हाईवे के मुख्य पुलों पर जाम की नौबत न आए। लोकल डिपो की बसें केवल निर्धारित स्टॉपेज तक ही सीमित फेरे लगाएंगी।
कार और दोपहिया वाहनों की आवाजाही: निजी कारों, एंबुलेंस और आपातकालीन सेवाओं के वाहनों को हाईवे पर चलने की अनुमति रहेगी। हालांकि, ब्रजघाट और तिगरी गंगा पुल के पास वाहनों की रफ्तार को नियंत्रित करने के लिए बैरिकेडिंग की गई है। श्रद्धालुओं के वाहनों के लिए हाईवे से पहले ही विशाल अस्थायी पार्किंग स्थल बनाए गए हैं, और किसी भी वाहन को सड़क किनारे पार्क करने पर सख्त पाबंदी लगाई गई है।
पुलिस की विशेष निगरानी और हेल्पलाइन जारी
हाईवे पर सुगम यातायात बनाए रखने के लिए ट्रैफिक पुलिस, पीएसी और स्थानीय थानों की पुलिस को चौबीसों घंटे गश्त पर लगाया गया है।
प्रमुख चौराहों, टोल प्लाजा और कट पॉइंट्स पर क्रेन और एंबुलेंस की तैनाती की गई है ताकि किसी वाहन के खराब होने की दशा में उसे तत्काल हटाकर रास्ता साफ कराया जा सके। ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी कंट्रोल रूम के जरिए हाईवे पर वाहनों के दबाव की निगरानी की जा रही है। यातायात अधिकारियों ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे डायवर्जन नियमों का कड़ाई से पालन करें, निर्धारित लेन में ही वाहन चलाएं और किसी भी आकस्मिक मदद या जाम की जानकारी के लिए ट्रैफिक हेल्पलाइन नंबरों और डायल 112 का उपयोग करें।