चंद पैसों के लिए फर्ज भूल गए लोग गोवा नाइट क्लब हादसे पर बॉम्बे हाई कोर्ट की सख्त टिप्पणी
India News Live, Digital Desk :गोवा के नाइट क्लब में हुए आग हादसे को लेकर सुनवाई के दौरान बॉम्बे हाई कोर्ट ने कड़ी नाराज़गी जताई है। अदालत ने कहा कि “चंद पैसों के लिए लोगों ने अपना फर्ज भुला दिया, ऐसे में हम क्या करें?” कोर्ट की यह टिप्पणी सुरक्षा मानकों की अनदेखी और लापरवाही को लेकर आई है।
सुरक्षा से समझौते पर अदालत सख्त
सुनवाई के दौरान Bombay High Court ने कहा कि सार्वजनिक स्थलों पर सुरक्षा नियमों का पालन करना अनिवार्य है। अगर व्यावसायिक लाभ के लिए नियमों को ताक पर रखा जाएगा, तो ऐसे हादसे होते रहेंगे। कोर्ट ने संबंधित अधिकारियों और प्रबंधन से जवाब मांगा है।
क्या है मामला?
गोवा के एक नाइट क्लब में आग लगने की घटना में कई लोग प्रभावित हुए थे। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि सुरक्षा इंतजामों में कमी थी। अग्निशमन उपकरण, आपातकालीन निकास और क्षमता से अधिक भीड़ जैसे मुद्दों पर सवाल उठे हैं।
कोर्ट ने पूछे तीखे सवाल
अदालत ने कहा कि जब कानून स्पष्ट है और नियम तय हैं, तो उनका पालन क्यों नहीं किया गया? कोर्ट ने यह भी संकेत दिया कि यदि लापरवाही साबित होती है, तो जिम्मेदारों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।
प्रशासन की जवाबदेही
सुनवाई के दौरान प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल उठे। कोर्ट ने पूछा कि निरीक्षण और लाइसेंस प्रक्रिया के दौरान क्या सुरक्षा मानकों की ठीक से जांच की गई थी या नहीं।
आगे की सुनवाई पर नजर
मामले की अगली सुनवाई में संबंधित विभागों और नाइट क्लब प्रबंधन से विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। यह केस अब केवल एक हादसे तक सीमित नहीं रहा, बल्कि सार्वजनिक सुरक्षा और जवाबदेही का बड़ा मुद्दा बन गया है।