Saphala Ekadashi 2025 : 15 दिसंबर को करें व्रत, पारण और दान से बढ़ाएं सुख-समृद्धि
- by Priyanka Tiwari
- 2025-12-10 15:41:00
India News Live,Digital Desk : सनातन धर्म में एकादशी व्रत का विशेष महत्व है। इस दिन भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की पूजा-अर्चना करने से पापों से मुक्ति मिलती है और जीवन में सुख-शांति आती है।
सफला एकादशी पौष माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी है। इसे करने से धन, स्वास्थ्य और आध्यात्मिक उन्नति होती है।
सफला एकादशी 2025: तिथि और शुभ मुहूर्त
एकादशी तिथि प्रारंभ: 14 दिसंबर, 2025, रात 08:46 बजे
एकादशी तिथि समाप्त: 15 दिसंबर, 2025, रात 10:09 बजे
व्रत का दिन: 15 दिसंबर, 2025
व्रत का पारण: 16 दिसंबर, 2025, सुबह 06:55 बजे से 09:03 बजे तक
दान और पूजा का महत्व
एकादशी के दिन दान करने का विशेष महत्व है। इस दिन भगवान विष्णु की पूजा करें और मंदिर या जरूरतमंद लोगों में अन्न, वस्त्र, धन और पंचमेवा का दान करें।
धार्मिक मान्यता अनुसार, दान करने से धन लाभ और जीवन में कोई कमी नहीं होती।
सफला एकादशी पूजा सामग्री (Puja Samagri List)
दीपक
पीला कपड़ा
फूल
कुमकुम
पंचमेवा
अक्षत
फल
मिठाई
चौकी
धूप
आम के पत्ते
भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की प्रतिमा
तुलसी के पत्ते
व्रत के दौरान ध्यान रखने योग्य बातें
तामसिक भोजन का सेवन न करें।
किसी से वाद-विवाद न करें और किसी के बारे में गलत न सोचें।
तुलसी के पत्ते न तोड़ें।
तुलसी के पौधे में जल देने से बचें।
भगवान विष्णु के भोग में तुलसी के पत्ते जरूर शामिल करें।
सफला एकादशी का व्रत और पूजा करने से साधक के जीवन में धन, स्वास्थ्य और मानसिक शांति आती है। यह दिन आध्यात्मिक उन्नति और सकारात्मक ऊर्जा का विशेष अवसर प्रदान करता है।