'आने वाला है भयानक आर्थिक तूफान': राहुल गांधी का मोदी सरकार पर बड़ा हमला, कहा- इसमें कुछ नहीं टिकेगा
India News Live,Digital Desk : कांग्रेस नेता और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने अपने संसदीय क्षेत्र रायबरेली में एक जनसभा को संबोधित करते हुए केंद्र की मोदी सरकार पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला है। राहुल गांधी ने देश के मौजूदा आर्थिक हालात और भविष्य को लेकर गंभीर चेतावनी दी है।
'देश में आएगा आर्थिक आंधी-तूफान'
राहुल गांधी ने दावा किया कि भारत एक ऐसे भयानक आर्थिक संकट की ओर बढ़ रहा है, जिसकी कल्पना किसी ने नहीं की होगी। उन्होंने कहा, "देश में एक ऐसा आर्थिक आंधी-तूफान आने वाला है, जिसे हमने अपनी जिंदगी में कभी नहीं देखा होगा। इस तूफान में कुछ भी टिक नहीं पाएगा।"
उन्होंने स्पष्ट किया कि इस आर्थिक संकट का सबसे गहरा असर देश के गरीब वर्ग पर पड़ेगा। उन्होंने कहा कि इसका खामियाजा मजदूरों, किसानों और युवाओं को भुगतना होगा। राहुल ने तंज कसते हुए कहा कि इसका असर उद्योगपति अडानी-अंबानी या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर नहीं पड़ेगा, क्योंकि वे अपने महलों में सुरक्षित हैं।
'महंगाई आसमान छूएगी'
जनता से सीधा संवाद करते हुए राहुल गांधी ने कहा, "मैं पिछले कई महीनों से चेतावनी दे रहा हूं कि देश में एक बड़ा आर्थिक तूफान आने वाला है, जिसके बाद महंगाई आसमान छूने लगेगी। सरकार को अन्नदाता किसानों और आम जनता की रक्षा करनी चाहिए, लेकिन सत्ता में बैठे लोगों को जनता की तकलीफों से कोई सरोकार नहीं है।"
प्रधानमंत्री पर लगाए गंभीर आरोप
राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर अडानी और अंबानी के 'कंट्रोल' में रहने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा:
मीडिया पर हमला बोलते हुए उन्होंने कहा कि न्यूज चैनलों पर केवल अडानी-अंबानी की खबरें दिखाई जाती हैं, जबकि किसानों की बदहाली को नजरअंदाज किया जाता है।
राहुल ने कहा कि मोदी सरकार मार्केटिंग पर ध्यान केंद्रित करती है, न कि जनता के आर्थिक सुधार पर।
प्रधानमंत्री की विदेश यात्राओं पर निशाना साधते हुए राहुल ने कहा कि एक तरफ वे जनता को सलाह देते हैं कि वे विदेश न जाएं, जबकि वे खुद लगातार दुनिया का दौरा कर रहे हैं।
'सरकार बदलें, तभी कम होगी महंगाई'
राहुल गांधी ने जनता से भावनात्मक अपील करते हुए कहा कि यदि देश को इस आर्थिक तबाही से बचाना है, तो सरकार को बदलना होगा। उन्होंने कहा, "जब तक यह सरकार सत्ता में है, महंगाई कम नहीं होगी और आम जनता की कमाई का पैसा कुछ गिने-चुने लोगों की जेब में जाता रहेगा।"
अंत में उन्होंने भरोसा दिलाया कि वे हर परिस्थिति में देश के गरीब, मजदूर और किसानों के साथ खड़े रहेंगे और उनके हक के लिए अंतिम सांस तक लड़ाई लड़ेंगे।