"No financial support from the Centre": राज्यपाल ने विधानसभा में केंद्र पर साधा निशाना; 1.27 लाख करोड़ के निवेश और विकास का दिया ब्योरा
India News Live,Digital Desk : झारखंड विधानसभा के बजट सत्र का आगाज बुधवार को राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार के अभिभाषण के साथ हुआ। अपने संबोधन में राज्यपाल ने संघीय ढांचे की संवेदनशीलता को छूते हुए केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि वांछित आर्थिक सहायता के अभाव में राज्य की कई महत्वाकांक्षी योजनाएं दम तोड़ रही हैं। राज्यपाल ने जोर देकर कहा कि जब तक झारखंड जैसे संसाधन संपन्न राज्य का समुचित विकास नहीं होगा, तब तक देश की समग्र उन्नति का सपना अधूरा रहेगा।
संघीय ढांचे पर सवाल: "सहयोग बिना योजनाएं बाधित"
राज्यपाल ने अपने अभिभाषण में केंद्र और राज्य के रिश्तों पर गंभीर टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि राज्यों के विकास के लिए केंद्र का समयबद्ध आर्थिक सहयोग अनिवार्य है। राज्यपाल के अनुसार, फंड की कमी के कारण झारखंड सरकार को अपनी जन-कल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने केंद्र सरकार से अपेक्षित सहयोग और संसाधन उपलब्ध कराने की पुरजोर वकालत की।
औद्योगिक क्रांति: दावोस से लंदन तक झारखंड का जलवा
राज्य के विकास मॉडल को वैश्विक पटल पर रखने के लिए सरकार के प्रयासों की राज्यपाल ने सराहना की। उन्होंने बताया कि झारखंड ने पहली बार वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (दावोस) में हिस्सा लिया, जहां "प्रकृति के साथ विकास" (Growth in Harmony with Nature) के मॉडल को सराहा गया।
निवेश के प्रस्ताव: सरकार के अंतरराष्ट्रीय दौरों और निवेश-उन्मुख नीतियों के फलस्वरूप राज्य को अब तक लगभग 1.27 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं।
MSME एक्ट 2025: ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए झारखंड एमएसएमई (विशेष रियायत) अधिनियम, 2025 लागू किया गया है, जिससे छोटे उद्योगों को नई संजीवनी मिलेगी।
अपराध पर 'जीरो टॉलरेंस': साइबर ठगों पर लगाम
कानून-व्यवस्था के मोर्चे पर सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए राज्यपाल ने बताया कि साइबर अपराध के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई है।
गिरफ्तारी: वर्ष 2025 में 1,413 साइबर मामलों में 1,268 अपराधियों को जेल भेजा गया।
रिकवरी: साइबर हेल्पलाइन 1930 के जरिए 111 करोड़ रुपये ब्लॉक किए गए और पीड़ितों को करीब 12 करोड़ रुपये वापस दिलाए गए।
भ्रष्टाचार: भ्रष्टाचार के खिलाफ मुहिम के तहत 54 लोकसेवकों को गिरफ्तार किया गया।
युवाओं को रोजगार और सामाजिक सशक्तिकरण
राज्यपाल ने बताया कि सरकार युवाओं और महिलाओं के उत्थान के लिए प्रतिबद्ध है।
नियुक्तियां: जेपीएससी सिविल सेवा-2023 के 342 अभ्यर्थियों सहित हजारों युवाओं को नियुक्ति पत्र दिए गए। साथ ही, रोजगार मेलों के जरिए 12,500 से अधिक युवाओं का चयन हुआ।
महिला कल्याण: सावित्रीबाई फूले किशोरी समृद्धि योजना के तहत लाखों बालिकाओं को लाभ पहुंचाया गया।
बाल विवाह मुक्त झारखंड: राज्य ने एक लाख से अधिक बाल विवाह रोककर राष्ट्रीय स्तर पर मिसाल पेश की है।
डिजिटल झारखंड: पंचायत तक इंटरनेट
आईटी और स्टार्टअप्स को बढ़ावा देने के लिए रांची, सिंदरी और देवघर में सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। सरकार का लक्ष्य ग्राम पंचायत स्तर तक हाई-स्पीड इंटरनेट पहुंचाना है ताकि ग्रामीण क्षेत्रों के युवा भी तकनीकी उद्यमिता से जुड़ सकें।