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July 19 2026 08:33 am

New law: ऑनलाइन गेमिंग और जुए पर सरकार ने कसा शिकंजा

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India News Live,Digital Desk : केंद्र सरकार ऑनलाइन गेमिंग के बढ़ते प्रचलन और इसके सामाजिक प्रभावों को देखते हुए एक सख्त कानून लाने की तैयारी कर रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में एक विधेयक को मंज़ूरी दी गई है, जिसमें सट्टेबाजी और जुए से जुड़े ऐप्स पर प्रतिबंध लगाने का प्रावधान है। इस नए कानून के तहत अब कोई भी मशहूर व्यक्ति ऐसे ऐप्स का प्रचार नहीं कर पाएगा, जिससे युवाओं को गलत दिशा में जाने से रोका जा सकेगा।

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने ऑनलाइन गेमिंग से जुड़े एक विधेयक को मंज़ूरी दे दी है, जो सट्टेबाजी और जुए पर नियंत्रण रखेगा। इस विधेयक में अपराधियों के लिए सज़ा और जुर्माने का प्रावधान है और ज़रूरत पड़ने पर ऐसे ऐप्स पर प्रतिबंध लगाने का भी प्रावधान है। इस कानून का मुख्य उद्देश्य युवाओं को ऑनलाइन जुए की लत से बचाना है। यह विधेयक कल लोकसभा में पेश किए जाने की संभावना है। इस कानून के लागू होने के बाद ऑनलाइन गेमिंग उद्योग में, खासकर उन कंपनियों के लिए, एक बड़ी क्रांति आएगी जो बिना किसी नियमन के काम कर रही हैं।

नये कानून के मुख्य प्रावधान:

इस नये विधेयक में कुछ महत्वपूर्ण प्रावधान शामिल हैं:

  • सट्टेबाजी पर प्रतिबंध: यह कानून सट्टेबाजी और जुआ-आधारित ऑनलाइन गेमिंग प्लेटफार्मों पर सजा और जुर्माने का प्रावधान करता है।
  • सेलिब्रिटीज पर प्रतिबंध: अब कोई भी सेलिब्रिटी या प्रभावशाली व्यक्ति ऐसे सट्टेबाजी ऐप्स को बढ़ावा नहीं दे सकेगा।
  • विनियमन: शतरंज, क्विज़ और ई-स्पोर्ट्स जैसे कौशल-आधारित खेलों को कानून के तहत विनियमित किया जाएगा। कंपनियों के लिए यह स्पष्ट करना अनिवार्य होगा कि उनका खेल कौशल-आधारित है या अवसर-आधारित।
  • ग्राहक सुरक्षा: सभी प्लेटफ़ॉर्म पर केवाईसी (अपने ग्राहक को जानें) और डेटा सुरक्षा नियमों का अनुपालन अनिवार्य होगा। नाबालिगों के लिए समय सीमा, खर्च सीमा और अभिभावकीय नियंत्रण प्रावधान भी लागू किए जाएँगे।

व्यसन और वित्तीय हानि को रोकना

इस नए कानून का मुख्य उद्देश्य उन खेलों पर प्रतिबंध लगाना है जो लत, वित्तीय नुकसान और सामाजिक प्रभावों को बढ़ावा देते हैं। आभासी या वास्तविक धन पर आधारित सट्टेबाजी वाले खेल, जो खिलाड़ियों को वित्तीय जोखिम में डालते हैं, सीधे तौर पर प्रभावित होंगे।

गेमिंग उद्योग पर प्रभाव

भारत का ऑनलाइन गेमिंग उद्योग वर्तमान में 3 अरब डॉलर से अधिक का है। नए कानून से उद्योग में पारदर्शिता बढ़ेगी और निवेशकों का विश्वास बढ़ेगा। नियमों का पालन करने वाली कंपनियों को लाभ होगा, जबकि अनियमित और अवैध गतिविधियों में लिप्त कंपनियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इससे भारतीय उपभोक्ताओं के लिए एक सुरक्षित और ज़िम्मेदार गेमिंग वातावरण तैयार होगा।