Flood threat again in Prayagraj गंगा-यमुना का जलस्तर तेजी से बढ़ा, निचले इलाकों में अलर्ट जारी
India News Live,Digital Desk : प्रयागराज पर एक बार फिर बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। गंगा और यमुना, दोनों प्रमुख नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ना शुरू हो गया है, जिससे निचले इलाकों में रहने वाले लोगों की चिंता बढ़ गई है। प्रशासन ने स्थिति को देखते हुए अलर्ट जारी कर दिया है और लगातार निगरानी कर रहा है।
दरअसल, पहाड़ी और मैदानी इलाकों में लगातार हो रही बारिश और ऊपरी बांधों जैसे टिहरी, नरोरा, कोटा बैराज से बड़ी मात्रा में पानी छोड़े जाने के कारण नदियों का जलस्तर अचानक बढ़ गया है। इससे पहले नदियों का पानी थोड़ा कम हुआ था, जिससे लोगों ने राहत की सांस ली थी, लेकिन अब यह फिर से उफान पर है।
गंगा का जलस्तर छतनाग में 80.19 मीटर और फाफामऊ में 80.08 मीटर तक पहुंच गया है, जबकि यमुना का जलस्तर नैनी में 79.99 मीटर दर्ज किया गया है। नदियों में हर घंटे 2 से 3 सेंटीमीटर की रफ्तार से बढ़ोतरी हो रही है। प्रयागराज में खतरे का निशान 84.73 मीटर है और वर्तमान वृद्धि दर को देखते हुए, निचले इलाकों में पानी भरने की आशंका काफी बढ़ गई है।
पिछले दिनों से ही यमुना का पानी Bateshwar (बतेश्वर) और Keshopur (केशोपुर) में बढ़ रहा था, लेकिन अब शहर के पास के क्षेत्रों जैसे नागवासुकी, फाफामऊ और छतनाग में गंगा का जलस्तर भी तेजी से ऊपर जा रहा है। जिन इलाकों में पहले से पानी भरा था, वहां स्थिति और गंभीर हो सकती है।
जिला प्रशासन और सिंचाई विभाग के अधिकारी लगातार नदियों के जलस्तर पर नज़र बनाए हुए हैं। लोगों से अपील की गई है कि वे सतर्क रहें और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में न जाएं। यदि आप निचले या नदी किनारे के इलाकों में रहते हैं, तो सुरक्षित स्थान पर जाने की तैयारी रखें।