रविवार को भूलकर भी न करें ये 5 काम, सूर्य देव के नाराज होने से लग सकता है 'ग्रहण', आएगी दरिद्रता
नई दिल्ली/आध्यात्मिक डेस्क: हिंदू धर्मग्रंथों और ज्योतिष शास्त्र में सप्ताह का प्रत्येक दिन किसी न किसी विशेष देवता या ग्रह को समर्पित है. इसी क्रम में रविवार का दिन ग्रहों के राजा सूर्य देव (Surya Dev) की आराधना के लिए सर्वोत्तम माना गया है. कुंडली में सूर्य की स्थिति मजबूत होने से व्यक्ति को समाज में मान-सम्मान, उच्च पद, उत्तम स्वास्थ्य, तेज और अटूट आत्मविश्वास की प्राप्ति होती है.
लेकिन ज्योतिष और वास्तु विज्ञान के अनुसार, रविवार के दिन अनजाने में की गई कुछ गलतियां सूर्य देव को रुष्ट (नाराज) कर सकती हैं, जिससे कुंडली में सूर्य कमजोर हो जाता है और व्यक्ति को आर्थिक तंगी व अपयश का सामना करना पड़ता है. आइए जानते हैं रविवार के दिन वर्जित माने गए उन 5 कामों के बारे में, जिन्हें करने से आपको भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है.
1. पश्चिम और वायव्य दिशा की यात्रा से बचें (दिशाशूल नियम)
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, रविवार के दिन पश्चिम (West) और वायव्य (North-West) दिशा में यात्रा करना अशुभ माना जाता है, क्योंकि इस दिन इन दिशाओं में 'दिशाशूल' रहता है. इस दौरान की गई यात्राओं में बाधाएं आने या दुर्घटना की आशंका बढ़ जाती है.
अचूक उपाय: यदि किसी बेहद जरूरी या आपातकालीन काम से इस दिशा में जाना ही पड़े, तो घर से निकलने से पहले दलिया, शुद्ध घी या पान का पत्ता खाकर ही बाहर निकलें. इससे दिशाशूल का दोष काफी हद तक कम हो जाता है.
2. तांबे की वस्तुएं बेचने की न करें गलती
तांबा (Copper) सूर्य देव की मुख्य और प्रिय धातु मानी गई है. रविवार के दिन तांबे से बनी हुई चीजें या सूर्य से संबंधित अन्य वस्तुएं (जैसे गेहूं, गुड़ आदि) बेचना सख्त मना है.
नुकसान: इस दिन तांबे की खरीद-बिक्री करने से कुंडली का सूर्य कमजोर होकर नकारात्मक फल देने लगता है, जिसका सीधा असर व्यक्ति के करियर, सामाजिक सम्मान और संचित धन (Savings) पर पड़ता है.
3. नीले और काले रंग के कपड़ों से बना लें दूरी
रंगों का हमारे जीवन और ग्रहों पर गहरा प्रभाव पड़ता है. रविवार के दिन काले, नीले, कत्थई (Brown) या डार्क शेड्स के कपड़े पहनने से बचना चाहिए. ये रंग सूर्य की सकारात्मक ऊर्जा को सोख लेते हैं और राहु-शनि के प्रभाव को बढ़ाते हैं, जो सूर्य के शत्रु ग्रह हैं.
शुभ रंग: रविवार के दिन हमेशा चमकीले, हल्के और सकारात्मक ऊर्जा से भरपूर रंग जैसे लाल, केसरिया, पीला, नारंगी या सफेद रंग के वस्त्र धारण करना अत्यंत शुभ फलदायी होता है.
4. सूर्यास्त के बाद नमक का सेवन है वर्जित
शास्त्रों के नियमों के अनुसार, रविवार के दिन नमक का सेवन कम से कम करना चाहिए, विशेषकर सूर्यास्त (Sunset) के बाद नमक खाने से पूरी तरह बचना चाहिए.
नुकसान: रविवार की शाम को नमक खाने से व्यक्ति के स्वास्थ्य पर विपरीत असर पड़ता है, शरीर में सुस्ती आती है और बनते हुए सरकारी या प्रशासनिक काम भी बीच में ही अटक जाते हैं.
5. बाल और नाखून कटवाने से कमजोर होता है सूर्य
कई लोग छुट्टी का दिन होने के कारण रविवार को ही बाल कटवाने (Haircut), शेविंग करने या नाखून काटने का काम करते हैं, जो कि धार्मिक दृष्टि से पूरी तरह गलत है. रविवार के दिन शरीर के बाल कटवाने से सूर्य देव का तेज घटता है और बुद्धि भ्रमित होती है. इसलिए इस तरह के व्यक्तिगत कार्यों को सोमवार या किसी अन्य शुभ दिन के लिए टाल देना ही बेहतर है.
सफलता की कुंजी: रविवार का दिन सूर्य देव का आशीर्वाद पाने का महायोग है. इस दिन सुबह जल्दी उठकर तांबे के लोटे में जल, लाल चंदन और रोली मिलाकर सूर्य देव को अर्घ्य दें. उपर्युक्त नियमों का पालन करने से आपके जीवन में यश, कीर्ति और सुख-समृद्धि का मार्ग हमेशा प्रशस्त रहेगा.