गोरखपुर में 75 करोड़ की योजना: शहर की हवा साफ, जाम मुक्त चौराहों के साथ बेहतर यातायात व्यवस्था

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India News Live,Digital Desk : गोरखपुर नगर निगम ने शहर की वायु गुणवत्ता सुधारने और जाम की समस्या कम करने के लिए 75 करोड़ रुपये की महत्वाकांक्षी योजना को हरी झंडी दे दी है। राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम (एनसीएपी) के तहत तैयार किए गए एक्शन प्लान को नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल की अध्यक्षता में गठित नगर स्तरीय कार्यान्वयन समिति ने मंजूरी दी है।

सड़कों का पक्का निर्माण और चौराहों का नया डिजाइन

योजना के तहत शहर की करीब 30 किलोमीटर लंबाई की सड़कों का एंड-टू-एंड पक्कीकरण किया जाएगा। साथ ही पांच प्रमुख मार्गों के चौराहों को नए सिरे से डिजाइन कर ट्रैफिक जाम से मुक्ति दिलाई जाएगी। सड़क चौड़ाई बढ़ाने और ट्रैफिक फ्लो सुधारने के प्रयास से न केवल पीएम-10 और पीएम2.5 जैसे प्रदूषक कम होंगे, बल्कि शहर में सुरक्षित और सुगम आवागमन की सुविधा भी बढ़ेगी।

हरित विकास और मियावाकी वन

नगर निगम ने शहर में हरित आवरण बढ़ाने के लिए पौधारोपण योजना बनाई है। डोमिनगढ़ से महेसरा ओवरब्रिज रोड पर 40,000 वर्गमीटर, ट्रांसपोर्टनगर से डोमिनगढ़ रोड 25,000 वर्गमीटर, एकला बांध से बाईपास रोड तक 11,800 वर्गमीटर, नौसढ़ से बगहा बाघागाड़ा रोड 1,280 वर्गमीटर, ट्रांसपोर्टनगर से बाईपास रोड 30,231 वर्गमीटर और महेसरा में मियावाकी वन समेत 1,62,602 वर्गमीटर क्षेत्र में पौधे लगाए जाएंगे। यह योजना कार्बन डाइऑक्साइड को अवशोषित कर ऑक्सीजन का स्तर बढ़ाएगी, जिससे बच्चों, बुजुर्गों और सांस संबंधी रोगों से पीड़ित लोगों को लाभ मिलेगा।

आधुनिक ट्रैफिक सिग्नल और चौराहों का नवीनीकरण

चार प्रमुख ट्रैफिक चौराहों को लगभग पांच करोड़ रुपये की लागत से फिर से डिजाइन किया जाएगा और आधुनिक सिग्नल सिस्टम लगाए जाएंगे। इससे वाहनों का अनावश्यक रुकना घटेगा, ध्वनि और वायु प्रदूषण कम होगा और समय की बचत के साथ शहर की उत्पादकता भी बढ़ेगी।

प्रदूषण मापक और नियंत्रक यंत्रों की स्थापना

नगर निगम ने शहर में वायु प्रदूषण स्तर की निगरानी के लिए गोलघर समेत तीन स्थानों पर 1.50 करोड़ रुपये की लागत से प्रदूषक मापक यंत्र लगाने का निर्णय लिया है। साथ ही राजघाट और कान्हा उपवन पशु शवदाह गृह से निकलने वाले प्रदूषण को रोकने के लिए वायु प्रदूषण नियंत्रण उपकरण भी लगाए जाएंगे। ये उपकरण औद्योगिक चिमनियों, कारखानों और वाहनों से निकलने वाले हानिकारक गैसों और ठोस कणों को फिल्टर कर पर्यावरण में फैलने से रोकेंगे।

जल्द कार्यवाही की तैयारी

राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम के इस एक्शन प्लान को नगर स्तरीय कार्यान्वयन समिति की मंजूरी मिल चुकी है और जल्द ही इसके अनुसार कार्य शुरू कर दिए जाएंगे।

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