टैरिफ विवाद के बाद पहली बार आमने-सामने बैठेंगे भारत और अमेरिका के प्रतिनिधि

Post

India News Live,Digital Desk : भारत और अमेरिका के बीच लंबे समय से रुकी हुई व्यापार वार्ता अब एक बार फिर से पटरी पर लौटने जा रही है। आज नई दिल्ली में दोनों देशों के प्रतिनिधि आमने-सामने बैठकर बातचीत करने वाले हैं। दरअसल, पिछले साल अगस्त में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर 25% अतिरिक्त टैरिफ लगा दिया था। इसके बाद व्यापार समझौते को लेकर चल रही बातचीत अचानक रुक गई।

हाल ही में सोशल मीडिया पर ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच हुई बातचीत के बाद हालात में थोड़ी नरमी दिखी। इसके बाद सोमवार देर रात अमेरिकी मुख्य वार्ताकार ब्रेंडन लिंच भारत पहुंचे। वह इस बैठक में अमेरिकी टीम का नेतृत्व करेंगे और कोशिश होगी कि अटके हुए मुद्दों का हल निकले।

टैरिफ विवाद और रुकी वार्ता

भारत और अमेरिका के बीच अब तक पाँच दौर की वार्ता हो चुकी थी। लेकिन छठे दौर से पहले ही अमेरिका ने रूसी तेल की खरीद को लेकर भारत पर अतिरिक्त शुल्क लगा दिया और पहले से लागू 25% शुल्क को बढ़ाकर 50% कर दिया। इसके चलते दोनों देशों के बीच बातचीत रुक गई और अगस्त में प्रस्तावित समझौते की बैठक स्थगित हो गई। अब महीनों बाद, दिल्ली में फिर से चर्चा शुरू होने जा रही है।

भारत का रुख

भारत की ओर से वाणिज्य विभाग के विशेष सचिव और मुख्य वार्ताकार राजेश अग्रवाल ने कहा कि इस बैठक में केवल व्यापारिक मुद्दों पर ही ध्यान रहेगा। भू-राजनीतिक मामलों को इसमें शामिल नहीं किया जाएगा।

ब्रेंडन लिंच कौन हैं?

ब्रेंडन लिंच अमेरिका के सहायक व्यापार प्रतिनिधि (USTR) हैं और एशिया समेत कई देशों से जुड़े अमेरिकी व्यापार नीतियों को देखते हैं। उन्होंने बोस्टन कॉलेज से पढ़ाई और जॉर्ज वॉशिंगटन यूनिवर्सिटी से एमबीए किया है। 2013 से अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि कार्यालय से जुड़े लिंच, भारत-अमेरिका व्यापार नीति मंच के अध्यक्ष भी हैं।

ट्रंप का बदलता रुख

हाल ही में ट्रंप ने सोशल मीडिया पर मोदी को अपना “बहुत अच्छा दोस्त” बताया और संकेत दिया कि व्यापार समझौता आगे बढ़ सकता है। मोदी ने भी इस पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। इसके बाद उम्मीदें बढ़ गईं कि दोनों देशों के बीच तनाव कम हो सकता है।

क्यों अहम है यह बैठक?

आंकड़ों पर नज़र डालें तो टैरिफ विवाद का असर साफ दिखता है। अमेरिका को भारत का निर्यात जुलाई में 8.01 अरब डॉलर था, जो अगस्त में घटकर 6.86 अरब डॉलर रह गया। वाणिज्य सचिव सुनील बर्थवाल के अनुसार, मंगलवार की यह बैठक सकारात्मक सोच की ओर इशारा करती है। आने वाले दिनों में द्विपक्षीय व्यापार समझौते की औपचारिक वार्ता इसी बैठक के नतीजों पर निर्भर करेगी।

Tags:

भारत अमेरिका व्यापार समझौता India-US Trade Deal भारत अमेरिका ट्रेड डील US tariffs on India ब्रेंडन लिंच Donald Trump India trade पीएम मोदी ट्रंप व्यापार India US bilateral trade वाणिज्य मंत्रालय भारत India US trade talks दिल्ली व्यापार बैठक Indo-US trade relations tariffs dispute India US व्यापार वार्ता भारत अमेरिका Modi Trump meeting US India trade negotiations अमेरिकी शुल्क भारत bilateral trade agreement India US इंडिया यूएस ट्रेड Donald Trump tariffs India US trade news बीटीए समझौता India US trade policy Indo-US trade agreement अमेरिका भारत निर्यात India export USA trade tension India US वाणिज्य सचिव भारत US India economic relations Indo US business talks ट्रंप मोदी दोस्ती India US trade deal update India US trade negotiation meeting Indo US tariffs issue अमेरिकी वार्ताकार ब्रेंडन लिंच भारत अमेरिका व्यापार नीति India US deal Delhi Trade talks India Washington Indo US exports decline bilateral trade India US 2025 tariff hike US India US India trade resumption Indo US positive talks India US trade dispute trade agreement India US PM Modi Donald Trump trade Indo-US business relations Indo US diplomatic talks India US meeting Delhi