77वें गणतंत्र दिवस पर दुनिया ने माना भारत का कद, अमेरिका-चीन-रूस समेत कई देशों से आई खास बधाइयाँ
India News Live,Digital Desk : सोमवार (26 जनवरी, 2026) को पूरा भारत देशभक्ति के रंगों में रंगा हुआ है और उत्साहपूर्वक अपना 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। भारत की बढ़ती वैश्विक शक्ति का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि अमेरिका, चीन और रूस जैसी महाशक्तियों ने भारत को विशेष रूप से बधाई दी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से लेकर चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग तक के नेताओं ने भारत के साथ संबंधों को मजबूत बताया है।
डोनाल्ड ट्रम्प: "हमारा एक ऐतिहासिक बंधन है"
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारतीयों को बधाई देते हुए दोनों देशों की मित्रता की सराहना की। उन्होंने अपने संदेश में कहा, "संयुक्त राज्य अमेरिका के नागरिकों की ओर से, मैं भारत सरकार और जनता को हार्दिक बधाई देता हूं। विश्व के सबसे पुराने और सबसे बड़े लोकतंत्रों के रूप में, अमेरिका और भारत एक अटूट और ऐतिहासिक बंधन साझा करते हैं।" इसके अलावा, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भी कहा कि भारत और अमेरिका के बीच साझेदारी केवल इन दोनों देशों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि पूरे 'हिंद-प्रशांत' क्षेत्र में शांति स्थापित करने के लिए महत्वपूर्ण है।
शी जिनपिंग: "भारत और चीन अच्छे पड़ोसी हैं"
सीमा तनाव के कारण अक्सर सुर्खियों में रहने वाले चीन ने भी सकारात्मक संदेश भेजा है। चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने भारत को बधाई देते हुए कहा, "भारत और चीन अच्छे पड़ोसी, मित्र और साझेदार हैं।" उन्होंने आगे कहा कि दोनों देशों के बीच संबंध सुधर रहे हैं, जो दोनों देशों के नागरिकों के हित में है।
रूस: "विविधता भारत की ताकत है"
भारत के पुराने मित्र रूस ने एक अलग अंदाज में अपनी शुभकामनाएं भेजीं। रूसी दूतावास ने कई भाषाओं में एक संदेश जारी करते हुए कहा, "भारत एक ऐसा देश है जहां प्राचीन ज्ञान और भविष्य के सपने मिलते हैं। भारत ने दुनिया को दिखाया है कि विविधता कमजोरी नहीं, बल्कि सबसे बड़ी ताकत है।"
भूटान: "एक ऐसी यात्रा जो पीढ़ियों को प्रेरित करती है"
भूटान के प्रधानमंत्री शेरिंग तोबगे ने भी भारत की लोकतांत्रिक यात्रा की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह दिन भारत की समृद्ध यात्रा और मूल्यों का सम्मान करता है, जो हमारी मित्रता को और गहरा करते हैं।