Kharmas 2026: करियर और बिजनेस में पाना चाहते हैं अपार सफलता? रोजाना करें सूर्य देव के इन 108 सिद्ध मंत्रों का जप
India News Live,Digital Desk : हिंदू धर्म और वैदिक पंचांग के अनुसार, साल 2026 में 15 मार्च को मीन संक्रांति के साथ ही खरमास का आरंभ हो रहा है। जब सूर्य देव बृहस्पति की राशि 'मीन' में गोचर करते हैं, तो उस अवधि को खरमास कहा जाता है। यद्यपि इस दौरान विवाह, मुंडन और गृह प्रवेश जैसे मांगलिक कार्यों पर रोक लग जाती है, लेकिन आध्यात्मिक दृष्टि से यह समय बेहद प्रभावशाली माना गया है। ज्योतिषियों के अनुसार, खरमास में सूर्य देव की उपासना करने से करियर की बाधाएं दूर होती हैं और बिजनेस में चमत्कारी उन्नति मिलती है।
15 मार्च से शुरू हो रहा है 'मीन संक्रांति' का विशेष समय
रविवार, 15 मार्च को मीन संक्रांति है। सूर्य देव को 'आत्मा का कारक' और 'सफलता का प्रदाता' माना गया है। खरमास के दौरान सूर्य की गति धीमी मानी जाती है, इसलिए इस समय उनकी विशेष पूजा-अर्चना करने से कुंडली में सूर्य मजबूत होते हैं। इससे समाज में मान-सम्मान बढ़ता है और सरकारी नौकरी या व्यापार में आ रही अड़चनें समाप्त होती हैं।
सूर्य देव के 108 सिद्ध नाम: जो बदल देंगे आपकी किस्मत
खरमास के दौरान प्रतिदिन सुबह स्नान के बाद तांबे के लोटे से सूर्य को अर्घ्य दें और लाल आसन पर बैठकर इन नामों का श्रद्धापूर्वक जप करें:
ॐ नित्यानन्दाय नमः | 2. ॐ निखिलागमवेद्याय नमः | 3. ॐ दीप्तमूर्तये नमः | 4. ॐ सौख्यदायिने नमः | 5. ॐ श्रेयसे नमः | 6. ॐ श्रीमते नमः | 7. ॐ सुप्रसन्नाय नमः | 8. ॐ इष्टार्थदाय नमः | 9. ॐ सम्पत्कराय नमः | 10. ॐ हिरण्यगर्भाय नमः | 11. ॐ तेजोरूपाय नमः | 12. ॐ परेशाय नमः | 13. ॐ नारायणाय नमः | 14. ॐ कवये नमः | 15. ॐ सूर्याय नमः | 16. ॐ सकलजगतांपतये नमः | 17. ॐ सौख्यप्रदाय नमः | 18. ॐ आदिमध्यान्तरहिताय नमः | 19. ॐ भास्कराय नमः | 20. ॐ ग्रहाणांपतये नमः | 21. ॐ वरेण्याय नमः | 22. ॐ तरुणाय नमः | 23. ॐ परमात्मने नमः | 24. ॐ हरये नमः | 25. ॐ रवये नमः | 26. ॐ अहस्कराय नमः | 27. ॐ परस्मै ज्योतिषे नमः | 28. ॐ अमरेशाय नमः | 29. ॐ अच्युताय नमः | 30. ॐ आत्मरूपिणे नमः | 31. ॐ अचिन्त्याय नमः | 32. ॐ अन्तर्बहिः प्रकाशाय नमः | 33. ॐ अब्जवल्लभाय नमः | 34. ॐ कमनीयकराय नमः | 35. ॐ असुरारये नमः | 36. ॐ उच्चस्थान समारूढरथस्थाय नमः | 37. ॐ जन्ममृत्युजराव्याधिवर्जिताय नमः | 38. ॐ जगदानन्दहेतवे नमः | 39. ॐ जयिने नमः | 40. ॐ ओजस्कराय नमः | 41. ॐ भक्तवश्याय नमः | 42. ॐ दशदिक्संप्रकाशाय नमः | 43. ॐ शौरये नमः | 44. ॐ हरिदश्वाय नमः | 45. ॐ शर्वाय नमः | 46. ॐ ऐश्वर्यदाय नमः | 47. ॐ ब्रह्मणे नमः | 48. ॐ बृहते नमः | 49. ॐ घृणिभृते नमः | 50. ॐ गुणात्मने नमः | 51. ॐ सृष्टिस्थित्यन्तकारिणे नमः | 52. ॐ भगवते नमः | 53. ॐ एकाकिने नमः | 54. ॐ आर्तशरण्याय नमः | 55. ॐ अपवर्गप्रदाय नमः | 56. ॐ सत्यानन्दस्वरूपिणे नमः | 57. ॐ लूनिताखिलदैत्याय नमः | 58. ॐ खद्योताय नमः | 59. ॐ कान्तिदाय नमः | 60. ॐ शान्ताय नमः | 61. ॐ पुष्कराक्षाय नमः | 62. ॐ ऋक्षाधिनाथमित्राय नमः | 63. ॐ उज्ज्वलतेजसे नमः | 64. ॐ रुग्घन्त्रे नमः | 65. ॐ विवस्वते नमः | 66. ॐ वासुदेवाय नमः | 67. ॐ वसवे नमः | 68. ॐ सुवर्चसे नमः | 69. ॐ भानवे नमः | 70. ॐ इन्द्राय नमः | 71. ॐ विश्वरूपाय नमः | 72. ॐ अनन्ताय नमः | 73. ॐ अखिलागमवेदिने नमः | 74. ॐ आदित्याय नमः | 75. ॐ करुणारससिन्धवे नमः... (पूर्ण 108 नाम)
करियर ग्रोथ के लिए खरमास में क्या करें?
लाल वस्तुओं का दान: खरमास में रविवार के दिन गुड़, तांबा, मसूर की दाल और लाल वस्त्र का दान करना अत्यंत शुभ माना जाता है।
अर्घ्य का महत्व: प्रतिदिन सूर्योदय के समय जल में लाल चंदन या लाल फूल डालकर सूर्य देव को जल अर्पित करें।
आदित्य हृदय स्तोत्र: बिजनेस में घाटा हो रहा हो तो इस दौरान नियमित रूप से आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करना 'रामबाण' इलाज माना जाता है।
महत्वपूर्ण टिप: खरमास के दौरान नमक का सेवन कम करें और तामसिक भोजन से दूर रहें। ऐसा करने से मंत्रों का प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है।