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September 03 2026 12:15 pm

लॉर्ड्स में जो रूट की शानदार वापसी, भारत के खिलाफ जड़ा यादगार शतक

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India News Live,Digital Desk : इंग्लैंड के अनुभवी बल्लेबाज और पूर्व कप्तान जो रूट ने एक बार फिर अपने बल्ले का जादू चलाया है। लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर खेले जा रहे तीसरे टेस्ट मैच में रूट ने भारत के खिलाफ शानदार शतक जड़कर अपनी क्लास फिर से साबित कर दी। यह शतक उनके टेस्ट करियर का 37वां शतक है, जिसे उन्होंने तीसरे दिन की शुरुआत में सिर्फ एक रन लेकर पूरा किया।

इस पारी ने न सिर्फ इंग्लैंड की स्थिति को मजबूत किया बल्कि टीम को बड़े स्कोर की ओर भी बढ़ाया। गौरतलब है कि रूट शुरुआती दो टेस्ट में कुछ खास नहीं कर पाए थे, लेकिन इस मुकाबले में उन्होंने मुश्किल हालात में मोर्चा संभालते हुए अपने अनुभव का पूरा उपयोग किया।

लॉर्ड्स पर रूट का दबदबा – सचिन को छोड़ा पीछे

जो रूट ने लॉर्ड्स मैदान पर यह अपना सातवां टेस्ट शतक पूरा किया है। इसी के साथ वे इस मैदान पर सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले बल्लेबाज बन गए हैं। उन्होंने इस उपलब्धि के जरिए इंग्लैंड के ही पूर्व कप्तान माइकल वॉन (6 शतक) को पीछे छोड़ दिया है।

दिलचस्प बात यह है कि महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर, जिन्हें क्रिकेट का भगवान कहा जाता है, वह लॉर्ड्स के इस पवित्र मैदान पर अपने करियर में एक भी टेस्ट शतक नहीं लगा सके। वहीं रूट यहां सात बार यह कारनामा कर चुके हैं, जिससे वे सचिन से इस मामले में काफी आगे निकल गए हैं।

क्या रूट तोड़ पाएंगे सचिन का रिकॉर्ड?

जो रूट इस समय टेस्ट क्रिकेट में सचिन तेंदुलकर के 15,921 रनों के रिकॉर्ड को तोड़ने की दौड़ में हैं। रूट उनसे 2712 रन पीछे हैं और जिस निरंतरता से वह खेल रहे हैं, उसे देखते हुए यह आंकड़ा हासिल करना असंभव नहीं लगता।
हालांकि, शतकों के मामले में सचिन के 51 टेस्ट शतक को पार करना रूट के लिए एक बहुत बड़ी चुनौती होगी, लेकिन रन बनाने की रफ्तार को देखकर क्रिकेट प्रेमियों को उनसे उम्मीद जरूर है।

बुमराह बने रूट की पारी का अंत

हालांकि रूट का यह शतक ज्यादा देर तक नहीं टिक सका। उन्होंने 199 गेंदों में 10 चौकों की मदद से 104 रन बनाए और एक बार फिर भारतीय तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह का शिकार बने।
बुमराह ने रूट को बोल्ड कर उनके शानदार सफर का अंत किया। यह 11वीं बार है जब बुमराह ने टेस्ट क्रिकेट में रूट को आउट किया है। पहले टेस्ट मैच में भी बुमराह ने उन्हें पवेलियन भेजा था।