India's democratic strength: PM मोदी ने Commonwealth सम्मेलन में कही खास बातें
India News Live,Digital Desk : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में आयोजित 28वें कॉमनवेल्थ स्पीकर्स और प्रिसाइडिंग ऑफिसर्स कॉन्फ़्रेंस (CSPOC) का उद्घाटन करते हुए कहा कि भारत की लोकतांत्रिक भावना हमारी रगों में बसती है और यह हमारे सोच-बुद्धि का हिस्सा है। उन्होंने यह बात संसद भवन के संविधान सदन में कही, जहाँ दुनियाभर के सांसद और अध्यक्ष हिस्सा ले रहे हैं।
मोदी ने कहा कि 1947 में आज़ादी के समय लोगों को संदेह था कि इतनी विविधता वाले देश में लोकतंत्र टिक पाएगा या नहीं, लेकिन भारत ने इस उम्मीद को असफल साबित कर दिया। उन्होंने यह भी बताया कि लोकतंत्र सिर्फ एक सिस्टम नहीं, बल्कि लोगों की आकांक्षाओं को साकार करने का तरीका है, जहाँ सरकार की प्राथमिकता जनता होती है। इस विस्तार में उन्होंने कहा कि प्रक्रियाओं से लेकर तकनीक तक सब कुछ लोकतांत्रिक रूप से विकसित किया गया है ताकि जनता को वास्तविक लाभ मिल सके।
पीएम मोदी ने यह भी रेखांकित किया कि कोरोना महामारी के दौरान भारत ने चुनौतियों के बावजूद 150 से अधिक देशों को दवाइयाँ और वैक्सीन पहुँचाई, जो लोकतंत्र के “डिलीवर करने” की क्षमता को दर्शाता है। उन्होंने यह भी बताया कि 2024 के आम चुनाव विश्व का सबसे बड़ा लोकतांत्रिक अभ्यास था, जिसमें करोड़ों नागरिक ने हिस्सा लिया।
सम्मेलन का मुख्य विषय “संसदीय लोकतंत्र की प्रभावी डिलीवरी” है और इसमें 42 कॉमनवेल्थ देशों के 61 स्पीकर्स और प्रिसाइडिंग ऑफिसर्स भाग ले रहे हैं। इस दौर में लोकतांत्रिक संस्थाओं की मजबूती, सांसदों की भूमिका, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और सोशल मीडिया जैसे विषयों पर भी चर्चा होगी।