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October 17 2026 10:23 pm

Importance of Pradosh Vrat on Trayodashi : दिन अनुसार जानें कौन सा व्रत देता है कौन-सा वरदान

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India News Live,Digital Desk : हर महीने के कृष्ण और शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि भगवान शिव को समर्पित मानी जाती है। इस दिन श्रद्धालु प्रदोष व्रत रखकर महादेव और माता पार्वती की उपासना करते हैं। मान्यता है कि यह व्रत साधक को मनचाहा फल देता है और जीवन में सुख, शांति और समृद्धि बढ़ाता है।

ज्योतिष के अनुसार भी त्रयोदशी तिथि पर शिव-पार्वती की पूजा करने से कुंडली में मौजूद अशुभ ग्रहों का प्रभाव कम होता है। इस अवसर पर साधक को अपनी क्षमता के अनुसार दूध, दही, गंगाजल, सामान्य जल, पंचामृत और घी जैसे पदार्थों से शिवलिंग का अभिषेक करना चाहिए।
आइए जानें, किस दिन पड़ने वाला प्रदोष व्रत कौन-सा फल देता है—

प्रदोष व्रत के अनुसार मिलने वाले लाभ

1. सोम प्रदोष व्रत (सोमवार)

  • इस दिन का व्रत मानसिक शांति देने वाला माना जाता है।
  • शुभ कार्यों में सफलता बढ़ती है।
  • कुंडली में चंद्रमा मजबूत होता है।

2. भौम प्रदोष व्रत (मंगलवार)

  • पुराने कर्जों से मुक्ति मिलती है।
  • मंगल ग्रह के दोष शांत होते हैं और मंगल बलवान होता है।

3. बुध प्रदोष व्रत (बुधवार)

  • बुध ग्रह मजबूत होने से बुद्धि, वाणी और व्यापार में लाभ मिलता है।
  • मनोकामनाएँ पूर्ण होने लगती हैं।

4. गुरु प्रदोष व्रत (गुरुवार)

  • शत्रु भय समाप्त होता है।
  • नौकरी और करियर से जुड़ी परेशानियाँ दूर होती हैं।
  • गुरु ग्रह अनुकूल होता है।

5. शुक्र प्रदोष व्रत (शुक्रवार)

  • जीवन में धन, सौभाग्य और समृद्धि बढ़ती है।
  • शुभ कार्यों में सफलता मिलती है।
  • शुक्र ग्रह का प्रभाव मजबूत होता है।

6. शनि प्रदोष व्रत (शनिवार)

  • करियर और व्यापार में मनचाही उन्नति मिलती है।
  • कुंडली में शनि ग्रह के दुष्प्रभाव कम होते हैं।

7. रवि प्रदोष व्रत (रविवार)

  • स्वस्थ और ऊर्जा से भरा जीवन प्राप्त होता है।
  • सूर्य ग्रह मजबूत होता है और तेज बढ़ता है।
  • सुख और सौभाग्य में वृद्धि होती है।