BREAKING:
October 02 2026 03:31 am

आसमान में हाईजैक का झूठा अलार्म: कॉकपिट में भिड़ गए थे दो पायलट, इजरायल में उड़ गए थे सरकार के होश

Post

मध्य पूर्व में जारी गंभीर सुरक्षा चुनौतियों और युद्ध के साए के बीच इजरायल में एक बेहद हैरान करने वाला और सनसनीखेज मामला सामने आया है। तेल अवीव स्थित बेन गुरियन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की ओर आ रहे एक यात्री विमान से अचानक एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) को 'विमान अपहरण' (Hijack Code) का आपातकालीन सिग्नल मिला। यह कोड मिलते ही इजरायली वायुसेना, राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद, खुफिया एजेंसी मोसाद और पूरी सरकार में हड़कंप मच गया। तुरंत फाइटर जेट्स को हवा में तैनात कर दिया गया और हवाई अड्डे पर आपातकालीन प्रोटोकॉल लागू कर दिए गए। हालांकि, जब विमान की सुरक्षित लैंडिंग हुई और सुरक्षा बलों ने पूरे मामले की पड़ताल की, तो जो सच्चाई सामने आई उसने सुरक्षा एजेंसियों के होश उड़ा दिए। विमान पर कोई आतंकी या बाहरी हमलावर नहीं था, बल्कि कॉकपिट के भीतर मुख्य पायलट और को-पायलट के बीच किसी बात को लेकर भयंकर झगड़ा हो गया था और इसी धक्का-मुक्की में गलती से ट्रांसपोंडर का हाईजैक बटन दब गया था।

इस घटना के सामने आने के बाद जहां इजरायल के सुरक्षा तंत्र ने गहरी राहत की सांस ली, वहीं नागरिक उड्डयन सुरक्षा को लेकर दुनिया भर में गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं कि कैसे 30,000 फीट की ऊंचाई पर सैकड़ों मुसाफिरों की जान को पायलटों के आपसी अहं के चलते खतरे में डाल दिया गया।

हाईजैक कोड मिलते ही एक्शन में आई इजरायली वायुसेना और रक्षा मंत्रालय

विमान जब इजरायली हवाई क्षेत्र (Airspace) में दाखिल होने वाला था, तभी पायलट के कॉकपिट से ट्रांसपोंडर कोड '7500' प्रसारित हुआ। अंतरराष्ट्रीय विमानन नियमों के अनुसार, ट्रांसपोंडर कोड 7500 का अर्थ सीधे तौर पर विमान का अपहरण या अनलॉफुल इंटरफेरेंस (Unlawful Interference) होता है। इजरायल जैसे देश में, जहां सुरक्षा प्रोटोकॉल दुनिया में सबसे सख्त माने जाते हैं, इस कोड के बजते ही तुरंत 'रेड अलर्ट' घोषित कर दिया गया।

प्रधानमंत्री कार्यालय और रक्षा मंत्रालय को तुरंत सूचित किया गया। इजरायली वायुसेना (IAF) के एफ-16 और एफ-35 लड़ाकू विमानों को तुरंत हवा में 'इंटरसेप्ट' करने के लिए स्क्रैम्बल कर दिया गया ताकि यदि विमान किसी शहर या महत्वपूर्ण प्रतिष्ठान की ओर आत्मघाती हमले के रूप में मुड़ता है, तो उसे हवा में ही मार गिराया जा सके। बेन गुरियन एयरपोर्ट पर सभी उड़ानों की आवाजाही रोक दी गई, रनवे खाली करा लिए गए और एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड व विशेष कमांडो दस्तों को चारों तरफ तैनात कर दिया गया।

कॉकपिट में क्या हुआ था? आपसी कहासुनी बनी अंतरराष्ट्रीय संकट

सुरक्षित आपातकालीन लैंडिंग के बाद इजरायली आतंकवाद-रोधी दस्तों ने विमान को चारों तरफ से घेर लिया। यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया और जब दोनों पायलटों को हिरासत में लेकर उनसे अलग-अलग पूछताछ की गई, तब इस पूरे ड्रामे की परतें खुलीं।

जांच में पता चला कि उड़ान के दौरान क्रूजिंग एल्टीट्यूड पर मुख्य कैप्टन और फर्स्ट ऑफिसर (को-पायलट) के बीच किसी तकनीकी प्रक्रिया, रोस्टर या व्यक्तिगत मुद्दे को लेकर तीखी बहस शुरू हो गई थी। देखते ही देखते यह बहस चिल्लाहट और हाथापाई तक पहुंच गई। इसी छीना-झपटी और विवाद के दौरान नियंत्रण पैनल पर हाथ लगने या जानबूझकर दबाव बनाने की हड़बड़ाहट में ट्रांसपोंडर की सेटिंग बदल गई और आपातकालीन स्क्वॉक कोड 7500 सक्रिय हो गया। पायलटों को इस बात का भान भी नहीं था कि उनके इस बचकाने और गैर-जिम्मेदाराना व्यवहार ने नीचे जमीन पर एक पूरे देश के रक्षा तंत्र को युद्ध की स्थिति में ला खड़ा किया है।

एयरलाइन ने दोनों पायलटों को किया निलंबित, कड़ी कानूनी कार्रवाई की तैयारी

इस शर्मनाक घटना के बाद संबंधित अंतरराष्ट्रीय एयरलाइन ने तुरंत आधिकारिक बयान जारी कर यात्रियों और इजरायली अधिकारियों से बिना शर्त माफी मांगी है। एयरलाइन प्रबंधन ने दोनों आरोपी पायलटों को तत्काल प्रभाव से उड़ान ड्यूटी से हटाते हुए निलंबित कर दिया है और उनका कमर्शियल पायलट लाइसेंस रद्द करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

इजरायल के नागरिक उड्डयन प्राधिकरण (CAA) और सुरक्षा एजेंसियों ने मामले को बेहद गंभीरता से लिया है। अधिकारियों का कहना है कि यह केवल एक सेवा उल्लंघन नहीं, बल्कि सैकड़ों यात्रियों की जान जोखिम में डालने और राष्ट्रीय सुरक्षा तंत्र का दुरुपयोग करने का गंभीर आपराधिक कृत्य है। दोनों पायलटों के खिलाफ विमानन सुरक्षा अधिनियम और सार्वजनिक सुरक्षा को खतरे में डालने से संबंधित धाराओं के तहत कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

इस घटना ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वाणिज्यिक उड़ानों में पायलटों के मानसिक स्वास्थ्य, तनाव प्रबंधन और कॉकपिट रिसोर्स मैनेजमेंट (CRM) के सख्त क्रियान्वयन की आवश्यकता पर बहस छेड़ दी है।