CNN की टीम पर हमला पड़ा भारी, इजरायली सेना (IDF) ने पूरी रिजर्व बटालियन को किया सस्पेंड
India News Live,Digital Desk : वेस्ट बैंक में कवरेज के दौरान अमेरिकी न्यूज चैनल 'सीएनएन' (CNN) की टीम के साथ बदसलूकी और मारपीट के मामले में इजरायल रक्षा बल (IDF) ने एक बड़ा और कड़ा दंडात्मक कदम उठाया है। अंतरराष्ट्रीय दबाव और आंतरिक जांच के बाद, आईडीएफ ने संबंधित रिजर्व बटालियन की सभी ऑपरेशनल गतिविधियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। सेना ने स्पष्ट किया है कि पेशेवर मर्यादा और नैतिक मानकों के उल्लंघन को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
48 घंटे के भीतर गिरी गाज: ट्रेनिंग और अनुशासन पर जोर
यह कार्रवाई उस घटना के महज 48 घंटे बाद हुई है, जिसने वैश्विक स्तर पर प्रेस की आजादी को लेकर बहस छेड़ दी थी। आईडीएफ के आधिकारिक बयान के अनुसार, वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों की सिफारिश पर बटालियन को फ्रंटलाइन ड्यूटी से हटा दिया गया है। अब इस पूरी यूनिट को अनिवार्य रूप से कठोर सैन्य प्रशिक्षण और अनुशासन सुधार प्रक्रिया (Discipline Improvement Process) से गुजरना होगा। सेना का कहना है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए यह कदम उठाना अनिवार्य था।
नेटजाह येहुदा बटालियन: विवादों से पुराना नाता
जिस यूनिट पर यह गाज गिरी है, वह चर्चित 'नेटजाह येहुदा' (Netzah Yehuda) बटालियन की रिजर्व शाखा है। इस बटालियन का गठन विशेष रूप से कट्टरपंथी (अल्ट्रा-ऑर्थोडॉक्स) यहूदियों को सेना में सेवा देने के लिए किया गया था। हालांकि, पिछले कुछ वर्षों में इस यूनिट पर कट्टरपंथी बसावट समूहों (Settler Groups) के साथ मिलीभगत और मानवाधिकारों के उल्लंघन के गंभीर आरोप लगते रहे हैं। हालिया घटना ने एक बार फिर इस बटालियन की कार्यशैली पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
क्या हुआ था CNN टीम के साथ?
घटना पिछले सप्ताह वेस्ट बैंक के तैयासिर गांव की है। सीएनएन के वरिष्ठ संवाददाता जेरेमी डायमंड के नेतृत्व में टीम एक अवैध यहूदी बस्ती के पास हुए हमले के बाद की स्थिति को कवर कर रही थी। रिपोर्ट के मुताबिक:
दो घंटे की हिरासत: आईडीएफ के सैनिकों ने टीम को करीब दो घंटे तक बंधक बनाकर रखा।
पत्रकार पर हमला: एक सैनिक ने फोटो जर्नलिस्ट सिरिल थियोफिलस को गला पकड़कर जमीन पर पटक दिया।
कैमरा क्षतिग्रस्त: इस हिंसक झड़प में टीम का कीमती कैमरा और अन्य उपकरण भी टूट गए।
वैश्विक तनाव के बीच इजरायल का कड़ा संदेश
दक्षिणी लेबनान में यूएन शांति रक्षकों पर हमले और ईरान के साथ बढ़ते तनाव के बीच, इजरायल अपनी छवि को लेकर सतर्क नजर आ रहा है। सीएनएन टीम पर हमले के बाद अमेरिका की ओर से भी कड़ी प्रतिक्रिया की आशंका थी। ऐसे में एक पूरी बटालियन को सस्पेंड करना यह दर्शाता है कि नेतन्याहू सरकार और सेना प्रमुख इस समय किसी भी नए अंतरराष्ट्रीय विवाद में फंसने के मूड में नहीं हैं।