After being acquitted in the liquor scam, Arvind Kejriwal roared : 'मैं नेता नहीं, कट्टर ईमानदार हूँ; मोदी जी हिम्मत है तो चुनाव कराओ'

Post

India News Live,Digital Desk : दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट से शराब घोटाले के सीबीआई (CBI) मामले में बरी होने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया ने अपनी जीत का जश्न मनाया। महीनों की कानूनी लड़ाई और जेल की सलाखों के बाद मिली इस 'क्लीन चिट' को केजरीवाल ने ऐतिहासिक बताया। कोर्ट के फैसले के तुरंत बाद उन्होंने मनीष सिसोदिया के साथ दिल्ली की सड़कों पर रोड शो किया और पार्टी दफ्तर पहुंचकर कार्यकर्ताओं में जोश भरा।

'केस इतना मनगढ़ंत कि मुकदमा चलाने लायक सबूत भी नहीं'

केजरीवाल ने जनता को संबोधित करते हुए कोर्ट के फैसले की बारीकियों पर चर्चा की। उन्होंने कहा:

600 पेज की चार्जशीट: "कोर्ट ने सीबीआई की 600 पन्नों की चार्जशीट को खंगाला और पाया कि मुकदमा चलाने के लिए एक भी ठोस सबूत या गवाह मौजूद नहीं है।"

सच्चाई की जीत: "आज साबित हो गया कि केजरीवाल कट्टर ईमानदार है। जज साहब ने बहुत हिम्मत दिखाई और अधर्म व अन्याय को हरा दिया।"

'मैं नेता नहीं हूँ, मैंने सिर्फ ईमानदारी कमाई'

भावुक होते हुए केजरीवाल ने अपनी व्यक्तिगत पीड़ा को भी साझा किया। उन्होंने कहा कि उनके परिवार को खत्म करने की कोशिश की गई।

"मैं कोई पारंपरिक नेता नहीं हूँ। मैंने जीवन भर सिर्फ ईमानदारी कमाई है। जब मैं जेल में था, तब मेरी मां बीमार थीं। बीजेपी ने मेरे पीछे ईडी, सीबीआई और पुलिस सब लगा दिया, मेरे परिवार ने बहुत कुछ भुगता है।"

प्रधानमंत्री मोदी को खुली चुनौती

जीत के उत्साह में केजरीवाल ने केंद्र सरकार पर सीधा हमला बोला। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा, "अगर हिम्मत है तो दिल्ली में दोबारा चुनाव करवाओ, जनता फैसला कर देगी।" उन्होंने आरोप लगाया कि यह पूरा मुकदमा आम आदमी पार्टी को राजनीतिक रूप से खत्म करने के लिए रचा गया एक षड्यंत्र था।

27 फरवरी 2026: AAP के लिए ऐतिहासिक दिन

आम आदमी पार्टी के लिए आज का दिन (27 फरवरी) पुनर्जन्म जैसा है। राउज एवेन्यू कोर्ट ने दिल्ली एक्साइज पॉलिसी मामले में केजरीवाल और सिसोदिया समेत सभी 23 आरोपियों को बरी कर दिया है। भ्रष्टाचार के आरोपों के कारण सत्ता गंवाने और जेल जाने के बाद, यह फैसला पार्टी के लिए संजीवनी बनकर आया है। कार्यकर्ताओं ने 'जेल के ताले टूट गए, केजरीवाल छूट गए' के नारों से पूरी दिल्ली को गुंजायमान कर दिया।