यूपी, बिहार और दिल्ली समेत 17 राज्यों में आंधी-तूफान के साथ भारी बारिश की चेतावनी, केरल के 5 जिलों में 'रेड अलर्ट'

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देशभर में कुदरत का मिजाज अचानक तेजी से बदल गया है। चिलचिलाती गर्मी और उमस के बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आज एक बहुत बड़ा और चिंताजनक बुलेटिन जारी किया है। मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश, बिहार और दिल्ली-एनसीआर सहित देश के 17 राज्यों के लिए हाई-अलर्ट घोषित किया है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अगले 24 से 48 घंटों के भीतर इन राज्यों में गरज-चमक के साथ मूसलाधार बारिश, खतरनाक आसमानी बिजली (वज्रपात) गिरने और 50 से लेकर 90 किलोमीटर प्रति घंटे की तूफानी रफ्तार से हवाएं चलने की गंभीर आशंका जताई गई है। इस बदलते मौसम से जहां एक तरफ तापमान में गिरावट आएगी, वहीं दूसरी तरफ आंधी-तूफान से आम जनजीवन अस्त-व्यस्त होने का खतरा भी मंडरा रहा है।

दिल्ली-एनसीआर में धूलभरी आंधी तो यूपी के 22 जिलों में तूफान का साया

देश की राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों (नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद) में आज सुबह से ही आंशिक रूप से बादल छाए हुए हैं। मौसम विभाग के मुताबिक, दिल्ली-एनसीआर में आज दिनभर धूलभरी आंधी चलने के साथ हल्की से मध्यम स्तर की बारिश होने की पूरी संभावना है, जिससे लोगों को झुलसाने वाली गर्मी से बड़ी राहत मिलेगी। दूसरी तरफ, उत्तर प्रदेश के करीब 22 जिलों में मौसम विभाग ने आंधी-तूफान का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। यूपी के इन जिलों में तेज रफ्तार हवाओं के साथ भारी बौछारें पड़ सकती हैं, हालांकि राज्य के कुछ पूर्वी हिस्सों में बारिश से पहले उमस और तपिश का असर भी देखा जा सकता है।

बिहार के 18 जिलों में आसमानी आफत का अलर्ट, वज्रपात की चेतावनी

बिहार में मानसून की दस्तक और पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से मौसम बेहद आक्रामक हो गया है। सूबे के 18 से अधिक जिलों में मौसम विभाग ने भारी बारिश और आकाशीय बिजली (वज्रपात) गिरने की बेहद गंभीर चेतावनी जारी की है। इस दौरान 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाएं पेड़ और बिजली के खंभों को नुकसान पहुंचा सकती हैं। आपदा प्रबंधन विभाग और मौसम विभाग ने बिहार के लोगों से अपील की है कि जब आसमान में बिजली कड़क रही हो, तो भूलकर भी खुले मैदान, खेतों या पेड़ों के नीचे न जाएं और सुरक्षित पक्के मकानों में शरण लें।

उत्तराखंड-हिमाचल में ओलावृष्टि और पंजाब-हरियाणा में धूल का गुबार

मैदानी इलाकों के साथ-साथ पहाड़ी राज्यों का हाल भी बेहाल होने वाला है। उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के कई इलाकों में तेज आंधी के साथ भारी बारिश और बड़े पैमाने पर ओलावृष्टि (Hailstorm) की संभावना जताई गई है, जिससे पहाड़ों पर भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है। वहीं, देश के अन्नदाता कहे जाने वाले राज्यों पंजाब, हरियाणा और राजस्थान में आज धूलभरी आंधी चलने और गरज-चमक के साथ छिटपुट बारिश की गतिविधियां देखने को मिलने वाली हैं। इसके अलावा पूर्वोत्तर भारत के असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में मानसून पूरी तरह से एक्टिव हो चुका है, जिसके चलते वहां अत्यंत भारी बारिश का दौर लगातार जारी रहने वाला है।

केरल में कुदरत का कहर, 5 जिलों में रेड अलर्ट और स्कूल-कॉलेज बंद

दक्षिण भारत के राज्य केरल में मानसून ने अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। शुक्रवार को हुई मूसलाधार बारिश और विनाशकारी हवाओं के कारण राज्य में भारी तबाही हुई है, कई जगहों पर विशालकाय पेड़ उखड़कर गाड़ियों और मकानों पर गिर गए हैं। बिगड़ते हालात को देखते हुए आईएमडी ने शनिवार और रविवार के लिए केरल के पांच प्रमुख जिलों— मलप्पुरम, कोझिकोड, वायनाड, कन्नूर और कासरगोड में 'रेड अलर्ट' (Red Alert) घोषित कर दिया है। प्रशासन ने एहतियात बरतते हुए वायनाड, कोझिकोड और कासरगोड के सभी पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों के प्रवेश को पूरी तरह बैन कर दिया है। साथ ही पहाड़ी रास्तों पर रात के सफर और पत्थरों के खनन पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। भारी जलभराव और बाढ़ जैसी स्थिति को देखते हुए वायनाड और कासरगोड के सभी स्कूल, कॉलेज और शैक्षणिक संस्थानों में आज छुट्टी की घोषणा कर दी गई है।