Nepali Gen-Z movement : 51 की मौत, होटल उद्योग को अरबों का नुकसान
- by Priyanka Tiwari
- 2025-09-13 02:56:00
India News Live,Digital Desk : नेपाल में जारी जेन-जेड आंदोलन ने हालात को बेहद गंभीर बना दिया है। अब तक देशभर में 51 लोगों की मौत हो चुकी है। नेपाल पुलिस ने इसकी पुष्टि की है। आंदोलन के दौरान हिंसा और झड़पों ने कई लोगों की जान ले ली है, वहीं होटल और पर्यटन उद्योग को भी भारी नुकसान झेलना पड़ा है।
पुलिस के संयुक्त प्रवक्ता रमेश थापा ने बताया कि मृतकों में तीन पुलिसकर्मी, एक भारतीय नागरिक और एक नेपाली नागरिक शामिल हैं। मृतकों का पोस्टमार्टम प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जानकारी के अनुसार, 36 शव महाराजगंज स्थित त्रिभुवन विश्वविद्यालय शिक्षण चिकित्सालय में रखे गए हैं और शुक्रवार से पोस्टमार्टम किया जा रहा है।
नेपाली पुलिस सूत्रों के अनुसार, हिंसक झड़पों और प्रदर्शन की वजह से इतने अधिक लोगों की मौत हुई है। स्थिति को काबू में रखने के लिए पुलिस चौकियों और संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा बल तैनात कर दिए गए हैं और लगातार निगरानी रखी जा रही है।
होटल उद्योग को अरबों का नुकसान
नेपाल के होटल उद्योग ने इस आंदोलन में सबसे ज्यादा नुकसान झेला है। यह उद्योग देश की पर्यटन आधारित अर्थव्यवस्था का अहम हिस्सा है। होटल एसोसिएशन नेपाल (HAN) के मुताबिक, सबसे ज्यादा प्रभावित होटल काठमांडू स्थित हिल्टन है, जिसे अकेले 8 अरब रुपये से अधिक का नुकसान हुआ है।
इसके अलावा काठमांडू घाटी, पोखरा, बुटवल, भैरहवा, झापा, विराटनगर, धनगढ़ी, महोत्तरी और डांग-तुलसीपुर में कई स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय होटल भी हिंसा का शिकार हुए हैं। एचएएन ने चेतावनी दी है कि कई होटल मरम्मत और पुनर्निर्माण के बिना संचालन शुरू नहीं कर पाएंगे, जिससे करीब 2,000 कर्मचारियों की नौकरियां भी खतरे में हैं।