बैंक ऑफ बड़ौदा FD: ₹5,00,000 के निवेश पर 5 साल में कितना मिलेगा रिटर्न? जानें सामान्य और वरिष्ठ नागरिकों के लिए पूरी गणना

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India News Live,Digital Desk : अगर आप शेयर बाजार के जोखिम से दूर एक सुरक्षित निवेश की तलाश में हैं, तो बैंक ऑफ बड़ौदा (BoB) की फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) योजना एक बेहतरीन विकल्प हो सकती है। 5 साल की अवधि वाली एफडी न केवल आपको गारंटीड रिटर्न देती है, बल्कि आयकर अधिनियम की धारा 80C के तहत टैक्स बचत का लाभ भी प्रदान करती है।

आइए जानते हैं कि आज (6 अप्रैल 2026) की ब्याज दरों के हिसाब से ₹5 लाख के निवेश पर आपको मैच्योरिटी पर कितनी रकम मिलेगी।

1. सामान्य नागरिकों के लिए गणना (ब्याज दर: 6.30%)

बैंक ऑफ बड़ौदा सामान्य ग्राहकों को 3 साल से अधिक और 5 साल तक की सावधि जमा पर 6.30% वार्षिक ब्याज दे रहा है। यहाँ ब्याज की गणना त्रैमासिक चक्रवृद्धि (Quarterly Compounding) आधार पर की जाती है।

निवेश राशि: ₹5,00,000

ब्याज दर: 6.30% प्रति वर्ष

अवधि: 5 वर्ष

कुल अर्जित ब्याज: ₹1,83,450

मैच्योरिटी राशि: ₹6,83,450 (लगभग)

2. वरिष्ठ नागरिकों के लिए गणना (ब्याज दर: 6.90%)

वरिष्ठ नागरिकों (60 वर्ष से अधिक) को बैंक द्वारा अतिरिक्त ब्याज का लाभ दिया जाता है। उन्हें 5 साल की एफडी पर 6.90% की दर से ब्याज मिलता है।

निवेश राशि: ₹5,00,000

ब्याज दर: 6.90% प्रति वर्ष

अवधि: 5 वर्ष

कुल अर्जित ब्याज: ₹2,03,921

मैच्योरिटी राशि: ₹7,03,921 (लगभग)

3. अति वरिष्ठ नागरिकों के लिए गणना (ब्याज दर: 7.00%)

80 वर्ष से अधिक आयु वाले अति वरिष्ठ नागरिकों के लिए बैंक और भी आकर्षक दरें प्रदान करता है।

निवेश राशि: ₹5,00,000

ब्याज दर: 7.00% प्रति वर्ष

अवधि: 5 वर्ष

कुल अर्जित ब्याज: ₹2,07,389

मैच्योरिटी राशि: ₹7,07,389 (लगभग)

FD रिटर्न और टैक्स के नियम: क्या ध्यान रखें?

एफडी से होने वाली कमाई पर टैक्स के नियमों को समझना बहुत जरूरी है:

इनकम टैक्स स्लैब: एफडी से मिलने वाला ब्याज आपकी वार्षिक आय में जोड़ा जाता है और आपके टैक्स स्लैब के अनुसार उस पर कर लगता है।

धारा 80TTB का लाभ: वरिष्ठ नागरिकों को एक वित्तीय वर्ष में बैंक जमा (FD और बचत खाता) से मिलने वाले ब्याज पर ₹50,000 तक की छूट मिलती है (पुरानी टैक्स व्यवस्था के तहत)।

TDS: यदि एक साल में मिलने वाला ब्याज ₹40,000 (वरिष्ठ नागरिकों के लिए ₹50,000) से अधिक है, तो बैंक भुगतान से पहले टीडीएस (TDS) काटता है। इससे बचने के लिए पात्र नागरिक फॉर्म 15G या 15H जमा कर सकते हैं।