पूर्व तृणमूल सांसद के बेटे पर ED का कसता शिकंजा ₹1.27 करोड़ के शेयर कुर्क, लगा मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप
India News Live,Digital Desk : देश में आर्थिक अपराधों के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) का शिकंजा लगातार कस रहा है। एक बड़ी कार्रवाई में, एजेंसी ने धन शोधन (मनी लॉन्ड्रिंग) के एक मामले में पश्चिम बंगाल के पूर्व तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद मनोरंजन भक्त के बेटे प्रियदर्शी कुमार के ₹1.27 करोड़ के शेयर कुर्क (अटैच) किए हैं। यह कार्रवाई ₹207 करोड़ की एसबीआई (SBI) बैंक धोखाधड़ी मामले की जांच से जुड़ी हुई है, जिसने राजनीतिक और व्यापारिक गलियारों में हलचल मचा दी है।
ईडी ने एक बयान में जानकारी दी कि केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने दिसंबर 2017 में दो निजी कंपनियों, मैटकेम इस्पात लिमिटेड (Metkhem Ispat Ltd.) और आयुष मैटकेम प्राइवेट लिमिटेड (Aayush Metachem Pvt. Ltd.), तथा उनके निदेशकों और अज्ञात अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज की थी। इन कंपनियों पर ₹207.25 करोड़ के कथित बैंक धोखाधड़ी और कर्ज के पैसों को 'बेनामी' लेन-देन के ज़रिए अवैध रूप से कहीं और लगाने का आरोप था।
ईडी ने इस एफआईआर के आधार पर धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत अपनी जांच शुरू की। जांच के दौरान यह सामने आया कि कंपनी के निदेशक प्रियदर्शी कुमार और अन्य लोगों ने स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) से लोन के तौर पर मिले पैसों को बेईमानी से निकाल लिया था। इन पैसों को बाद में उन्होंने अलग-अलग निजी कंपनियों के शेयर खरीदने में लगाया ताकि काले धन को सफेद किया जा सके और उसे छिपाया जा सके।
प्रवर्तन निदेशालय के अधिकारियों के अनुसार, यह अटैचमेंट मनी लॉन्ड्रिंग रोधी कानून की धारा 5 (1) के तहत की गई है, जिसके तहत अपराध से अर्जित की गई या उससे जुड़ी संपत्ति को जब्त किया जाता है। ईडी की यह कार्रवाई उन लोगों के लिए एक कड़ा संदेश है जो बैंकिंग धोखाधड़ी में शामिल होते हैं और राजनीतिक रसूख का गलत फायदा उठाने की कोशिश करते हैं। मामले में आगे की जांच जारी है और भविष्य में कुछ और गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं।