बारामती उपचुनाव: कांग्रेस ने वापस लिया कदम, सुनेत्रा पवार की निर्विरोध जीत का रास्ता साफ

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India News Live,Digital Desk : महाराष्ट्र की सियासत के केंद्र 'बारामती' से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ अपने उम्मीदवार आकाश मोरे का नाम वापस लेने का फैसला किया है। जनवरी 2026 में एक दुखद विमान दुर्घटना में पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार के आकस्मिक निधन के बाद यह सीट खाली हुई थी। अब अजित पवार के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए कांग्रेस ने उपचुनाव में हिस्सा न लेने का निर्णय लिया है, जिससे सुनेत्रा पवार की निर्विरोध जीत लगभग तय मानी जा रही है।

सियासी समीकरण: क्यों झुकी कांग्रेस?

नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि (9 अप्रैल) को कांग्रेस के महाराष्ट्र प्रभारी रमेश चेन्निथला ने दिल्ली से स्पष्ट निर्देश जारी किए। इस फैसले के पीछे कई महत्वपूर्ण कारण रहे:

सहानुभूति की लहर: अजित पवार के निधन के बाद पूरे महाराष्ट्र और विशेषकर बारामती में उनके प्रति भारी सहानुभूति है।

शरद पवार की अपील: राकांपा (शप) प्रमुख शरद पवार ने कांग्रेस से सार्वजनिक अपील की थी कि एक कुशल नेता को खोने के बाद इस चुनाव को निर्विरोध कराना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

विपक्ष की एकजुटता: सुप्रिया सुले और रोहित पवार ने भी व्यक्तिगत रूप से कांग्रेस नेतृत्व से बात कर उम्मीदवारी वापस लेने का अनुरोध किया था।

विमान दुर्घटना मामले पर कांग्रेस की शर्त

शुरुआत में कांग्रेस ने शर्त रखी थी कि वह तभी पीछे हटेगी जब राज्य सरकार अजित पवार की विमान दुर्घटना मामले में FIR (प्राथमिकी) दर्ज करेगी। कांग्रेस और रोहित पवार लगातार इस मामले की उच्च स्तरीय और सीबीआई (CBI) जांच की मांग कर रहे हैं। हालांकि, नामांकन वापस लेने के फैसले से स्पष्ट है कि पार्टी ने अजित दादा के सम्मान को प्राथमिकता दी है।

भाजपा की चेतावनी और सियासी घमासान

कांग्रेस के इस कदम से पहले माहौल काफी तल्ख था। भाजपा नेता और मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने कांग्रेस को कड़ी चेतावनी दी थी कि अगर उन्होंने सुनेत्रा पवार को निर्विरोध नहीं जीतने दिया, तो कांग्रेस का पतन बारामती से ही शुरू होगा। दूसरी ओर, सुनेत्रा पवार के बेटे पार्थ पवार ने भी कांग्रेस द्वारा उम्मीदवार उतारने की आलोचना की थी, जिस पर बाद में रोहित पवार ने खेद जताया।

अब आगे क्या?

बारामती विधानसभा उपचुनाव के लिए कुल 53 उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किया था। कांग्रेस के पीछे हटने के बाद अब अन्य निर्दलीय उम्मीदवारों की स्थिति पर नजर रहेगी। यदि अन्य सभी उम्मीदवार भी नाम वापस ले लेते हैं, तो सुनेत्रा पवार आधिकारिक रूप से निर्विरोध निर्वाचित घोषित कर दी जाएंगी।

बारामती उपचुनाव: मुख्य बिंदु

मतदान की तिथि: 23 अप्रैल 2026 (यदि चुनाव हुआ)।

नामांकन वापसी की अंतिम तिथि: 9 अप्रैल 2026।

मुख्य उम्मीदवार: सुनेत्रा पवार (राकांपा - अजित पवार गुट)।

विपक्षी रुख: शरद पवार गुट ने पहले ही उम्मीदवार न उतारने की घोषणा की थी।