इंसानी दिमाग जैसी 'धाकड़' AI चिप तैयार! कम पावर में तुरंत पकड़ेगी हर गड़बड़ी, जानें कहां होगा इस्तेमाल
विज्ञान और टेक्नोलॉजी की दुनिया से एक बेहद हैरान करने वाली खबर आई है। वैज्ञानिकों ने इंसानी दिमाग से प्रेरणा लेकर एक ऐसा अनोखा इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस (AI Chip) तैयार किया है, जो बेहद कम बिजली की खपत में पलक झपकते ही असामान्य घटनाओं और गड़बड़ियों को पकड़ लेता है। यह नया सिस्टम मौजूदा भारी-भरकम एआई टेक्नोलॉजी के मुकाबले बिजली की भारी बचत करता है और इसका इस्तेमाल आने वाले समय में हमारी रोजमर्रा की जिंदगी को पूरी तरह बदलने के लिए किया जाएगा।
दिमाग के 'Cerebellum' से मिली बड़ी प्रेरणा
नॉर्थवेस्टर्न यूनिवर्सिटी के रिसर्चर्स ने इस चिप को इंसानी दिमाग के खास हिस्से 'सेरेबेलम' (Cerebellum) को ध्यान में रखकर डिजाइन किया है। हमारा दिमाग हर छोटी-मोटी रूटीन बात पर रिएक्ट नहीं करता, बल्कि सामान्य चीजों को इग्नोर करके केवल तभी अलर्ट होता है जब कुछ अजीब या खतरनाक हो। ठीक इसी तरह, यह नई चिप भी हर डेटा को प्रोसेस करने के बजाय सिर्फ असामान्य गतिविधियों पर नजर रखती है, जिससे कंप्यूटर ऑपरेशन्स और एनर्जी दोनों की भारी बचत होती है।
98% सटीकता और 10,000 गुना कम कंप्यूटिंग
लैब टेस्ट के दौरान वैज्ञानिकों ने इस डिवाइस से इंसान के दिल की धड़कन मापने वाली ईसीजी (ECG) रिकॉर्डिंग की जांच कराई। चिप ने सामान्य धड़कनों को पूरी तरह नजरअंदाज किया, लेकिन जैसे ही दिल की धड़कन में कोई खराबी आई, इसने तुरंत उसे डिटेक्ट कर लिया। टेस्ट में इस चिप ने 98 प्रतिशत की बेमिसाल एक्यूरेसी (सटीकता) दिखाई। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि यह पारंपरिक एआई तरीकों की तुलना में 10,000 गुना कम कंप्यूटर ऑपरेशन्स में ही सटीक रिजल्ट दे देती है।
स्मार्टवॉच से लेकर रोबोटिक्स तक, यहां होगा इस्तेमाल
यह नई टेक्नोलॉजी आने वाले समय में कई एडवांस सेक्टर्स में गेम-चेंजर साबित होने वाली है:
स्मार्ट वीयरेबल डिवाइसेस: इसके जरिए बनने वाले हार्ट मॉनिटर और स्मार्टवॉच दिल की बीमारी का खतरा होते ही समय रहते अलर्ट दे देंगे।
सेल्फ-ड्राइविंग कार: सड़कों पर अचानक सामने आने वाले इंसानों, जानवरों या किसी भी अनहोनी को यह कार में लगी चिप तुरंत भांप लेगी।
साइबर सिक्योरिटी: यह सिस्टम डिजिटल नेटवर्क में होने वाली हैकिंग या किसी भी संदिग्ध एक्टिविटी को तुरंत ब्लॉक कर देगा।
एडवांस रोबोटिक्स: रोबोट्स को बिना ज्यादा बैटरी खर्च किए इंसानों की तरह क्विक रिस्पॉन्स देने में मदद मिलेगी।