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October 06 2026 03:52 am

Jio IPO: जीएमपी उछलकर ₹151 के पार, इस दिन खुल सकता है देश का सबसे बड़ा पब्लिक इश्यू

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भारतीय प्राइमरी मार्केट और शेयर बाजार के इतिहास के सबसे बड़े सार्वजनिक निर्गम (IPO) का इंतजार कर रहे निवेशकों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। रिलायंस इंडस्ट्रीज (RIL) की डिजिटल और टेलीकॉम दिग्गज कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स (Jio Platforms Ltd) के आईपीओ की सुगबुगाहट तेज हो गई है। इश्यू की आधिकारिक तारीखों के ऐलान से पहले ही अनलिस्टेड और ग्रे मार्केट में जियो के शेयरों को लेकर जबर्दस्त दीवानगी देखी जा रही है।

ग्रे मार्केट पर नजर रखने वाले ट्रैकर्स के मुताबिक, जियो प्लेटफॉर्म्स का ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) भारी मांग के चलते उछलकर ₹151 से ₹153 प्रति शेयर के दायरे में पहुंच गया है। पिछले कुछ कारोबारी सत्रों में ₹125 के स्तर से शुरू होकर जीएमपी में आया यह तेज उछाल निवेशकों के जबर्दस्त रुझान का संकेत दे रहा है।

21 अक्टूबर से खुल सकता है आईपीओ: संभावित टाइमलाइन

बैंकिंग सूत्रों और मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी ने अमेरिका, ब्रिटेन, सिंगापुर और दुबई में वैश्विक संस्थागत निवेशकों के साथ रोडशो पूरे कर लिए हैं। अब 12 अक्टूबर से शुरू होने वाले हफ्ते में सेबी (SEBI) के पास अंतिम रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (RHP) जमा किए जाने की संभावना है।

बाजार की स्थितियों के आधार पर आईपीओ का संभावित शेड्यूल इस प्रकार बताया जा रहा है:

एंकर बुक ओपनिंग: 19 अक्टूबर 2026

पब्लिक इश्यू ओपनिंग डेट: 21 अक्टूबर 2026

इश्यू क्लोजिंग डेट: 23 अक्टूबर 2026

अलॉटमेंट डेट: 26 अक्टूबर 2026

संभावित लिस्टिंग डेट: 28 अक्टूबर 2026 (BSE और NSE पर)

कितना बड़ा होगा इश्यू? टूटेगा हुंडई का रिकॉर्ड

जियो प्लेटफॉर्म्स का यह पब्लिक इश्यू देश के कॉर्पोरेट इतिहास का सबसे बड़ा आईपीओ साबित हो सकता है।

इश्यू साइज: कंपनी लगभग 27 करोड़ नए इक्विटी शेयर जारी करने की तैयारी में है। इस पेशकश के जरिए कंपनी का लक्ष्य करीब 3.8 अरब डॉलर (लगभग ₹37,700 करोड़) जुटाने का है।

वैल्यूएशन: बाजार विश्लेषकों का अनुमान है कि आईपीओ के बाद जियो प्लेटफॉर्म्स का उद्यम मूल्यांकन (Enterprise Valuation) करीब 137 से 146 अरब डॉलर (लगभग ₹11.5 से ₹12 लाख करोड़) तक आंका जा सकता है।

फंड का इस्तेमाल: कंपनी इस जुटाई गई पूंजी में से लगभग ₹27,500 करोड़ का उपयोग रिलायंस जियो इन्फोकॉम (RJIL) के पुराने कर्ज को चुकाने में करेगी, जबकि शेष राशि का उपयोग सामान्य कॉर्पोरेट कार्यों और एआई/क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर के विस्तार के लिए किया जाएगा।

2008 के बाद रिलायंस समूह का पहला बड़ा पब्लिक ऑफर

मुकेश अंबानी के नेतृत्व वाले रिलायंस समूह की ओर से साल 2008 में रिलायंस पावर के बाद यह पहला बड़ा आईपीओ होगा, साथ ही यह समूह के किसी बड़े कंज्यूमर बिजनेस की पहली लिस्टिंग होगी। जियो प्लेटफॉर्म्स में पहले से ही मेटा (फेसबुक) और गूगल जैसे वैश्विक तकनीकी दिग्गजों की बड़ी हिस्सेदारी मौजूद है।

50 करोड़ से अधिक वायरलेस ग्राहकों और 5G नेटवर्क में 60% डेटा ट्रैफिक शेयर के साथ कंपनी का वित्तीय और परिचालन आधार बेहद मजबूत है। वित्त वर्ष 2026 में कंपनी का राजस्व ₹1.50 लाख करोड़ और शुद्ध लाभ करीब ₹30,053 करोड़ दर्ज किया गया था।

(डिस्क्लेमर: ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) अनऑफिशियल और गैर-विनियमित बाजार पर आधारित होता है। निवेशकों को केवल जीएमपी देखकर नहीं, बल्कि कंपनी के फंडामेंटल्स, वैल्यूएशन और सेबी द्वारा स्वीकृत अंतिम प्रॉस्पेक्टस को पढ़कर ही निवेश का निर्णय लेना चाहिए।)