ईरान के रास्ते भारत पहुंचा एलपीजी से लदा 'शिवालिक', अब रसोई गैस की किल्लत होगी दूर; दो और विशाल जहाज कतार में...
India News Live,Digital Desk : देश में रसोई गैस और ईंधन की आपूर्ति को लेकर बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। ईरान की विशेष अनुमति और सहयोग के बाद भारतीय मालवाहक जहाज 'शिवालिक' भारी मात्रा में एलपीजी (LPG) लेकर गुजरात के मुंद्रा पोर्ट पहुंच गया है। इस खेप के आने से घरेलू बाजार में गैस की किल्लत दूर होने और आपूर्ति व्यवस्था के सुचारू होने की पूरी उम्मीद है। रणनीतिक और व्यापारिक दृष्टि से इस घटनाक्रम को भारत के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
ईरान के सहयोग से आसान हुई ऊर्जा की राह
अंतरराष्ट्रीय हालातों के बीच भारत और ईरान के बीच बेहतर तालमेल का असर अब बंदरगाहों पर दिखने लगा है। भारतीय जहाज 'शिवालिक' को ईरान की ओर से समय पर मिली अनुमति ने गैस संकट को टालने में अहम भूमिका निभाई है। मुंद्रा पोर्ट पर जहाज के लंगर डालते ही एलपीजी को डिपो तक पहुंचाने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। जानकारों का मानना है कि इस खेप से न केवल औद्योगिक बल्कि घरेलू उपभोक्ताओं को भी बड़ी राहत मिलेगी।
'नंदा देवी' और 'जग लाडली' भी जल्द देंगे दस्तक
ऊर्जा आपूर्ति का यह सिलसिला यहीं रुकने वाला नहीं है। 'शिवालिक' के बाद अब दो और बड़े जहाजों का इंतजार किया जा रहा है। आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, 'नंदा देवी' और कच्चा तेल (Crude Oil) लेकर आ रहा 'जग लाडली' भी जल्द ही भारतीय समुद्री सीमा में प्रवेश करेंगे। इन दोनों जहाजों के आने से देश के तेल भंडार को मजबूती मिलेगी और पेट्रोलियम उत्पादों की उपलब्धता में और सुधार होगा।
देश में गैस और तेल आपूर्ति की सुधरेगी स्थिति
पिछले कुछ समय से वैश्विक उठापटक के कारण ऊर्जा क्षेत्र में जो अनिश्चितता बनी हुई थी, इन जहाजों के आगमन से वह काफी हद तक कम होती दिख रही है। पेट्रोलियम मंत्रालय की निगरानी में इन जहाजों की आवाजाही को प्राथमिकता दी जा रही है। मुंद्रा पोर्ट पर सुरक्षा और लॉजिस्टिक्स के कड़े इंतजाम किए गए हैं ताकि गैस और कच्चे तेल को जल्द से जल्द रिफाइनरी और वितरण केंद्रों तक भेजा जा सके।