Miraculous surgery in Prayagraj: दुर्लभ जबड़े के ट्यूमर से जूझ रहे 9 साल के आयुष को मिली नई जिंदगी
- by Priyanka Tiwari
- 2026-01-28 16:53:00
India News Live,Digital Desk : स्वरूपरानी नेहरू अस्पताल के डॉक्टरों ने चिकित्सा क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए नौ वर्षीय आयुष को नया जीवन दिया है। आयुष पिछले करीब एक साल से चेहरे के बाएं हिस्से में सूजन और लगातार दर्द की समस्या से जूझ रहा था। हालत बिगड़ने पर 25 दिसंबर को उसे अस्पताल के कैंसर सर्जरी विभाग में भर्ती कराया गया।
जांच के दौरान डॉक्टरों ने पाया कि आयुष के बाएं जबड़े में एमेलोब्लास्टोमा नामक एक दुर्लभ ट्यूमर मौजूद है। यह बीमारी बच्चों में बहुत कम देखने को मिलती है और समय पर इलाज न होने पर चेहरे की बनावट के साथ-साथ बोलने और चबाने की क्षमता को भी प्रभावित कर सकती है।
प्लास्टिक सर्जरी विभागाध्यक्ष डॉ. मोहित जैन और कैंसर सर्जन डॉ. राजुल अभिषेक के नेतृत्व में 29 दिसंबर को करीब आठ घंटे लंबी जटिल सर्जरी की गई। इस दौरान ट्यूमर से प्रभावित जबड़े के हिस्से को हटाकर पैर की हड्डी (फिबुला) की मदद से जबड़े का पुनर्निर्माण किया गया। यह पूरी प्रक्रिया अत्यंत सूक्ष्म और चुनौतीपूर्ण थी।
डॉ. राजुल अभिषेक ने बताया कि बच्चों में इस तरह की सर्जरी खास तौर पर कठिन होती है। लक्ष्य सिर्फ ट्यूमर निकालना नहीं था, बल्कि बच्चे के चेहरे की प्राकृतिक बनावट, बोलने और खाने की क्षमता को भी सुरक्षित रखना प्राथमिकता थी।
माइक्रोवैस्कुलर तकनीक से की गई इस सर्जरी के बाद आयुष की हालत तेजी से सुधरी और 6 जनवरी को उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। अस्पताल प्रशासन ने इस सफलता के लिए सर्जिकल, एनेस्थीसिया, नर्सिंग और पुनर्वास टीम के सामूहिक प्रयासों की सराहना की है।
डॉक्टरों ने आम लोगों से अपील की है कि शरीर के किसी भी हिस्से में लंबे समय तक बनी रहने वाली गांठ या सूजन को नजरअंदाज न करें। समय रहते जांच और इलाज कराने से गंभीर बीमारियों से बचा जा सकता है।